Approval : मॉर्निंग कंसल्ट के ताजा सर्वे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 68% अप्रूवल रेटिंग के साथ दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता चुने गए हैं। उन्होंने अमेरिका और ब्रिटेन जैसे शक्तिशाली देशों के राष्ट्रपतियों को लोकप्रियता के मामले में काफी पीछे छोड़ दिया है।
Global Leader Approval Rating: भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वैश्विक राजनीति में उनकी लोकप्रियता का कोई सानी नहीं है। अमेरिकी डेटा इंटेलिजेंस फर्म मॉर्निंग कंसल्ट (Morning Consult) के नवीनतम "ग्लोबल लीडर अप्रूवल रेटिंग ट्रैकर" (Global Leader Approval Rating Tracker) में पीएम मोदी 68 प्रतिशत की शानदार रेटिंग के साथ पहले स्थान पर काबिज हुए हैं। यह सर्वे मार्च 2026 के पहले सप्ताह (2 से 8 मार्च) के आंकड़ों पर आधारित है, जो पीएम मोदी की घरेलू लोकप्रियता (Domestic Popularity) और वैश्विक स्वीकार्यता (Global Acceptance) को पूरी दुनिया के सामने मजबूती से रखता है।
सर्वेक्षण के अनुसार, पीएम मोदी ने वैश्विक स्तर पर अपने सभी समकक्षों को पछाड़ दिया है। इस सूची में स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय परमेलिन (Guy Parmelin) और दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्यंग (Lee Jae-myung) 62 प्रतिशत रेटिंग के साथ संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर हैं। यह आंकड़े प्रत्येक देश के वयस्कों के बीच पिछले सात दिनों के मूविंग एवरेज (Moving Average) के आधार पर तैयार किए गए हैं। पीएम मोदी की इस उपलब्धि ने भारत की बढ़ती सॉफ्ट पावर (Soft Power) को अंतरराष्ट्रीय मंच पर फिर से स्थापित किया है।
इस सर्वे में सबसे दिलचस्प बात यह है कि विकसित देशों के बड़े नेता पीएम मोदी के मुकाबले कहीं नहीं टिकते। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) की लोकप्रियता रेटिंग महज 39 प्रतिशत रही, जबकि ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर (Keir Starmer) को सिर्फ 24 प्रतिशत लोगों का समर्थन मिला। सबसे खराब स्थिति फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन (Emmanuel Macron) की रही, जिन्हें मात्र 17 प्रतिशत अप्रूवल रेटिंग मिली, जबकि 75 प्रतिशत लोगों ने उनके कामकाज को नापसंद किया।
यह पहली बार नहीं है जब पीएम मोदी ने शीर्ष स्थान हासिल किया हो। जुलाई 2025 की रिपोर्ट में भी वह 75 प्रतिशत रेटिंग के साथ दुनिया के सबसे चहेते नेता थे। मई 2024 में अपने तीसरे कार्यकाल (Third Consecutive Term) की शुरुआत के बाद से उनकी लोकप्रियता ग्राफ में स्थिरता देखी गई है। सर्वे के अनुसार, केवल 26 प्रतिशत लोगों ने उनके प्रति असहमति जताई है, जो अन्य वैश्विक नेताओं की अस्वीकृति रेटिंग (Disapproval Rating) की तुलना में बेहद कम है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में अपने कार्यकाल के 4,079 दिन (4,079 Days in Office) पूरे कर लिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने इंदिरा गांधी के लगातार प्रधानमंत्री रहने के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। अब वह लगातार सेवा करने वाले भारत के दूसरे सबसे लंबे समय तक रहने वाले प्रधानमंत्री (Second Longest Serving PM) बन गए हैं। इस गौरवशाली सूची में अब वह केवल देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू (Jawaharlal Nehru) से पीछे हैं, जो भारतीय राजनीति में उनके बढ़ते कद और जनता के अटूट विश्वास का प्रमाण है।
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि पीएम मोदी की यह रेटिंग उनकी कल्याणकारी योजनाओं और मजबूत विदेश नीति का परिणाम है। आर्थिक अस्थिरता के दौर में भी भारत की विकास दर को बनाए रखना उनकी लोकप्रियता का मुख्य कारण है।
आगामी महीनों में जी-20 और अन्य अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों में पीएम मोदी की इस रेटिंग का प्रभाव भारत के कूटनीतिक फैसलों पर स्पष्ट रूप से देखने को मिल सकता है। जहां पश्चिमी देशों के नेता आंतरिक विरोध और आर्थिक चुनौतियों से जूझ रहे हैं, वहीं पीएम मोदी की रेटिंग दर्शाती है कि भारतीय जनता का भरोसा उनके 'विकसित भारत' के संकल्प पर अडिग है। (इनपुट: ANI)