
Ram Mandir Donation Case Arvind Kejriwal: अयोध्या के राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले को लेकर अब राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इस मुद्दे पर केंद्र की मोदी सरकार और उत्तर प्रदेश की योगी सरकार को घेरा है। केजरीवाल ने सवाल उठाया कि अगर मामला इतना गंभीर है तो अब तक FIR क्यों दर्ज नहीं हुई और जांच एजेंसियों ने कार्रवाई क्यों नहीं की।
AAP सांसद संजय सिंह ने राम मंदिर मामले को लेकर बीजेपी पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि राम मंदिर से जुड़ी जमीन, चढ़ावे और पवित्र पादुकाओं को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। संजय सिंह ने राजा भरत का उदाहरण देते हुए कहा कि उन्होंने श्रीराम की पादुकाएं रखकर 14 साल तक शासन किया था और एक भाजपाई हैं जिन्होंने प्रभु श्रीराम की पादुकाएं चोरी कर लीं
राम मंदिर चंदा गबन मामले को लेकर इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के उत्तर भारत प्रमुख अनुराग रस्तोगी ने बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि अपने परिवार की ओर से उन्होंने गुमनाम दान के रूप में 3 किलो चांदी का एक दीपक भेंट किया था, लेकिन नया मंदिर बनने के बाद वह दीपक कहीं नहीं मिला। अनुराग रस्तोगी ने कहा कि आज भी उन्हें नहीं पता कि वह दीपक कहां है। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने सदस्यों से अपील की थी कि जो भी दान करना चाहता है, वह केवल 10 ग्राम चांदी भेजे।
व्यापारी अनुराग रस्तोगी ने दावा किया कि छोटे-छोटे दान को इकट्ठा कर भगवान श्रीराम के चरणों में अर्पित करने की योजना बनाई गई थी। उनका कहना है कि जब नया मंदिर बने और नींव रखी जाए तो यह चांदी नींव का हिस्सा बने। रस्तोगी के मुताबिक, पहले चरण में कुल करीब 34 किलो 644 ग्राम चांदी एकत्र की गई थी। उन्होंने बताया कि चांदी इस अनुरोध के साथ दी गई थी कि भूमि पूजन के दौरान इसका इस्तेमाल नींव के काम में किया जाए। हालांकि, जब भूमि पूजन हुआ तो उन्होंने हर जगह तलाश की, लेकिन चांदी नहीं मिली।