VCK supports TVK: विजय की TVK को एक और पार्टी ने सपोर्ट करने का ऐलान कर दिया है। साथ ही, विजय के सामने बड़े नेता ने सीधी शर्त भी रख दी है।
तमिलनाडु में शनिवार को टीवीके प्रमुख विजय मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने वाले हैं। इससे पहले, एक नया ट्विस्ट सामने आया है।
विधानसभा चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी तमिलगा वेत्री कजगम को कांग्रेस सहित कई अन्य पार्टियों का साथ मिल गया है।
इस बीच, तमिलनाडु में एक और पार्टी 'विदुथलाई चिरुथैगल काची' (VCK) ने भी शुक्रवार को अपनी हाई लेवल मीटिंग में TVK को समर्थन देने का फैसला किया है। साथ ही पार्टी ने विजय के सामने डिप्टी मुख्यमंत्री पद की मांग भी रख दी है।
VCK अध्यक्ष थोल थिरुमावलवन की अगुवाई में हुई वीडियो कॉन्फ्रेंस मीटिंग में 20 से ज्यादा वरिष्ठ नेता शामिल हुए। ज्यादातर नेताओं ने टीवीके को समर्थन देने पर सहमति जताई। मीटिंग में सबसे ज्यादा चर्चा थिरुमावलवन को उप मुख्यमंत्री बनाने की रही।
पार्टी के वरिष्ठ नेता रविकुमार ने साफ कहा कि अगर वीसीके समर्थन दे रही है तो पार्टी को मंत्रिमंडल में अच्छी भागीदारी मिलनी चाहिए। कई नेताओं ने वन्नी अरासु को भी मंत्री बनाने का सुझाव दिया।
टीवीके ने 234 सदस्यों वाली विधानसभा में 108 सीटें जीती हैं। बहुमत के लिए 118 सीटें चाहिए। ऐसे में बाहर से समर्थन बहुत जरूरी है।
कांग्रेस पहले ही विजय को समर्थन का ऐलान कर चुकी है। सीपीआई और सीपीआई(एम) ने भी बाहर से मदद का वादा किया है, वे मंत्रिमंडल में शामिल नहीं होंगे।
अब VCK का समर्थन टीवीके के लिए बड़ा बूस्ट साबित हो सकता है। वीसीके नेताओं ने साफ कहा कि नई सरकार को दलितों की सुरक्षा को प्राथमिकता देनी होगी।
उनका यह भी कहना है कि ऑनर किलिंग रोकने के लिए अलग कानून बनाना होगा और सांप्रदायिक ताकतों के खिलाफ बिना किसी समझौते के लड़ाई लड़ी जानी चाहिए। पार्टी सूत्रों का कहना है कि समर्थन बिना शर्त नहीं होगा। कुछ मांगों पर बात बननी चाहिए।
डीएमके गठबंधन से अलग होकर कांग्रेस ने टीवीके का साथ चुना है। अब VCK का ऐलान आने के बाद विजय की पार्टी आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही है। हालांकि अभी औपचारिक घोषणा बाकी है। जो कल होने की उम्मीद है। अब देखने वाली बात यह होगी कि विजय की ओर से क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।