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EVM पर ‘टेप कांड’ से हिली ममता की पार्टी! री-पोलिंग के आदेश के बाद रातों-रात चुनाव आयोग पहुंची TMC

Election:पश्चिम बंगाल के 15 मतदान केंद्रों पर दुबारा वोटिंग की घोषणा के बाद टीएमसी नेताओं का दल चुनाव आयोग पहुंचा है। बीजेपी ने ईवीएम पर टेप लगाने का आरोप लगाया था, जिसके बाद आयोग ने यह कड़ा फैसला लिया है।

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May 01, 2026
TMC delegation meets EC
कोलकाता में टीएमसी प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव आयोग से मुलाकात की । ( फोटो: ANI)

Delegation: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा है। चुनाव आयोग की ओर से दो विधानसभा क्षेत्रों के 15 मतदान केंद्रों पर पुनर्मतदान की घोषणा करने के तुरंत बाद, सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस का एक डेलिगेशन प्रतिनिधिमंडल कोलकाता स्थित राज्य चुनाव आयोग के कार्यालय पहुंच गया। इस प्रतिनिधिमंडल में फरहाद हकीम, असीम बोस और शशि पांजा जैसे कद्दावर टीएमसी नेता शामिल थे। चुनाव आयोग का यह फैसला राज्य में सियासी सरगर्मी को और बढ़ा रहा है।

इन इलाकों में होगा दोबारा मतदान

चुनाव आयोग के आधिकारिक बयान के अनुसार, 2 मई को दक्षिण 24 परगना जिले के 15 बूथों पर दोबारा वोट डाले जाएंगे। इनमें से 11 मतदान केंद्र मगराहाट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के हैं, जबकि 4 केंद्र डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आते हैं। गौरतलब है कि इन इलाकों में दूसरे चरण के तहत 29 अप्रैल को मतदान हुआ था। मुख्य निर्वाचन अधिकारी को लिखे गए एक पत्र में आयोग ने साफ किया है कि यह फैसला स्थानीय चुनाव मशीनरी से मिले इनपुट्स और शिकायतों के आधार पर लिया गया है। इन केंद्रों पर वोटिंग सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगी।

क्यों लिया गया री-पोलिंग का फैसला ?

पुनर्मतदान का यह बड़ा फैसला तब आया जब भारतीय जनता पार्टी ने चुनाव प्रक्रिया पर गंभीर आरोप लगाए। बंगाल में बीजेपी के सह-प्रभारी अमित मालवीय ने दावा किया था कि डायमंड हार्बर के फलता इलाके में मतदाताओं को बीजेपी उम्मीदवार को वोट देने से रोका गया। उनका आरोप था कि कई बूथों पर ईवीएम में बीजेपी वाले बटन को टेप से बंद कर दिया गया था। मालवीय ने इसे "डायमंड हार्बर मॉडल" करार देते हुए कड़ी आपत्ति जताई और इन प्रभावित बूथों पर दोबारा मतदान कराने की पुरजोर मांग की थी।

विपक्ष ने किया फैसले का स्वागत

चुनाव आयोग के इस कदम का बीजेपी ने खुले दिल से स्वागत किया है। पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता और बीजेपी के कद्दावर चेहरे शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि वे चुनाव आयोग के फैसले का सम्मान करते हैं। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए यह भी कहा कि मगराहाट पश्चिम में जो हुआ, वह सही कदम है, लेकिन डायमंड हार्बर और पूरे फलता क्षेत्र में और भी कई बूथों पर री-पोलिंग होनी चाहिए थी, क्योंकि वहां जमकर धांधली हुई है।

मतगणना से पहले सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

चुनाव के दिन राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने स्पष्ट किया था कि अगर किसी भी ईवीएम बटन पर टेप लगाने की शिकायत सही पाई जाती है, तो वहां तुरंत री-पोलिंग कराई जाएगी। 29 अप्रैल को संपन्न हुए मतदान में करीब 90 प्रतिशत का भारी मतदान दर्ज किया गया था। अब 4 मई को होने वाली मतगणना को लेकर हावड़ा के स्ट्रॉन्ग रूम में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। इस बीच, चुनाव आयोग की इस कार्रवाई से बंगाल की राजनीति में नया उबाल आ गया है और दोनों ही पार्टियां एक-दूसरे पर हमलावर हैं।

टीएमसी खेमे में हलचल मची हुई है

बीजेपी के आरोपों और चुनाव आयोग के त्वरित एक्शन के बाद टीएमसी खेमे में हलचल मची हुई है। टीएमसी नेताओं का तुरंत चुनाव आयोग जाना यह दिखाता है कि पार्टी री-पोलिंग के फैसले को लेकर दबाव महसूस कर रही है। वहीं, बीजेपी इसे अपनी शिकायत की जीत के तौर पर देख रही है और दावा कर रही है कि टीएमसी चुनाव में धांधली कर रही थी। आम जनता के बीच भी ईवीएम से छेड़छाड़ के दावों को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।

बंगाल में मतगणना 4 मई को होनी है

टीएमसी प्रतिनिधिमंडल द्वारा राज्य चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात के बाद अब यह देखना दिलचस्प होगा कि उनकी क्या प्रमुख आपत्तियां या मांगें थीं। क्या आयोग 2 मई की री-पोलिंग प्रक्रिया में सुरक्षाबलों की तैनाती और बढ़ाएगा? मतगणना 4 मई को होनी है, ऐसे में स्ट्रॉन्ग रूम की सुरक्षा को लेकर टीएमसी और बीजेपी, दोनों ही पार्टियां अलर्ट मोड पर हैं और पल-पल की अपडेट ले रही हैं।

टीएमसी की चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर उठे सवाल

यह पूरा विवाद 'डायमंड हार्बर मॉडल' के इर्द-गिर्द घूम रहा है। डायमंड हार्बर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी का मजबूत गढ़ माना जाता है। ऐसे में इस वीआईपी इलाके में ईवीएम पर टेप लगाने के आरोपों ने टीएमसी की चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सीधा सवाल खड़ा कर दिया है। यह मुद्दा आने वाले दिनों में, विशेषकर चुनाव परिणाम के दिन और अधिक तूल पकड़ सकता है। (इनपुट: ANI )



Published on:
01 May 2026 08:51 pm