Electric Bicycle Fact Check: सोशल मीडिया पर वायरल पीएम मोदी के फ्री इलेक्ट्रिक साइकिल वाले वीडियो को PIB Fact Check ने फर्जी बताया है। जांच में सामने आया कि वीडियो में AI से आवाज बदलकर गलत दावा किया गया। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वायरल खबरों पर भरोसा करने से पहले ऑफिशियल सोर्स से जांच जरूर करें।
PIB Fact Check: सोशल मीडिया पर इन दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दावा किया जा रहा है कि सरकार देश के सभी आधार कार्ड धारकों को फ्री इलेक्ट्रिक साइकिल देने जा रही है। इतना ही नहीं, लोगों से जल्द आवेदन करने की बात भी कही जा रही है। कई यूजर्स इस वीडियो को सच मानकर शेयर कर रहे हैं, लेकिन अब इस पूरे मामले की असली सच्चाई सामने आ गई है।
दरअसल, सरकार की फैक्ट चेक एजेंसी PIB Fact Check ने इस वायरल दावे को पूरी तरह फर्जी बताया है। पीआईबी फैक्ट चेक ने अपने आधिकारिक ' X'अकाउंट पर पोस्ट करते हुए साफ कहा कि केंद्र सरकार या प्रधानमंत्री की तरफ से ऐसी कोई योजना शुरू नहीं की गई है, जिसमें आधार कार्ड रखने वालों को मुफ्त इलेक्ट्रिक साइकिल दी जाए। जांच में पता चला कि वायरल वीडियो के साथ छेड़छाड़ की गई है। वीडियो असली जरूर है, लेकिन उसमें एआई तकनीक की मदद से आवाज बदल दी गई। यानी प्रधानमंत्री कुछ और बोल रहे थे, जबकि वीडियो में उनकी आवाज को क्लोन करके अलग दावा जोड़ा गया। इसी वजह से कई लोग भ्रमित हो गए और वीडियो तेजी से वायरल होने लगा।
बताया जा रहा है कि यह वीडियो फेसबुक पर “Dealdukaaan99” नाम के अकाउंट से शेयर किया गया था। वीडियो में लोगों को जल्द आवेदन करने के लिए उकसाया भी जा रहा था। हालांकि, जब इसकी सच्चाई सामने आई तो पता चला कि यह सिर्फ लोगों को गुमराह करने की कोशिश थी। सरकार ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर दिखने वाली हर बात पर तुरंत भरोसा न करें। खासकर जब किसी सरकारी योजना, पैसे, नौकरी या मुफ्त चीजें देने जैसे दावे किए जाएं, तो पहले उसकी पुष्टि आधिकारिक वेबसाइट या भरोसेमंद सरकारी प्लेटफॉर्म से जरूर करें।
आजकल एआई तकनीक का इस्तेमाल करके फर्जी वीडियो और ऑडियो बनाना काफी आसान हो गया है। ऐसे में गलत जानकारी तेजी से फैलती है और लोग धोखे का शिकार हो सकते हैं। इसलिए जरूरी है कि किसी भी वायरल पोस्ट को शेयर करने से पहले उसकी सच्चाई जरूर जांच लें। पीआईबी की तरफ से नंबर और ईमेल भी दिया गया है। जहां फोटो वीडियो भेजकर सच्चाई जानी जा सकती है।