नई दिल्ली

रेखा गुप्ता सरकार का बड़ा फैसला, शाहजहानाबाद रिडेवलपमेंट कॉर्पोरेशन अब बना इंद्रप्रस्थ विरासत पुनर्विकास निगम, पुरानी दिल्ली की बदलेगी तस्वीर

Old Delhi Redevelopment: दिल्ली सरकार ने पुरानी दिल्ली के विकास के लिए बड़ा कदम उठाया है। शाहजहानाबाद रिडेवलपमेंट कॉर्पोरेशन का नाम बदलकर इंद्रप्रस्थ विरासत पुनर्विकास निगम कर दिया गया है। इसके तहत पुरानी दिल्ली की तस्वीर बदल दी जाएगी।
2 min read
Old Delhi Redevelopment
रेखा सरकार ने Shahjahanabad Corporation को बनाया IVPN (Photo-PTI)

Indraprastha Virasat Punarvikas Nigam: दिल्ली सरकार ने पुरानी दिल्ली को नई पहचान देने की दिशा में बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में हुई बैठक में शाहजहानाबाद रिडेवलपमेंट कॉर्पोरेशन का नाम बदलकर 'इंद्रप्रस्थ विरासत पुनर्विकास निगम (IVPN)' कर दिया गया। सरकार का कहना है कि अब पुरानी दिल्ली में सिर्फ पुराने भवनों की मरम्मत नहीं होगी, बल्कि यहां की ऐतिहासिक पहचान को बरकरार रखते हुए बेहतर सड़कें, साफ-सफाई और दूसरी आधुनिक सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। सरकार का लक्ष्य पुरानी दिल्ली को ऐसा हेरिटेज इलाका बनाना है, जहां इतिहास और आधुनिक विकास दोनों साथ-साथ नजर आएं।

सबसे पहले बदलेगी चांदनी चौक की सूरत

सरकार ने साफ कर दिया है कि सबसे पहले चांदनी चौक के विकास पर काम होगा। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अधिकारियों से कहा कि बाजार का नया रूप ऐसा हो, जिससे उसकी पुरानी पहचान और ऐतिहासिक खूबसूरती बनी रहे। हर दिन यहां लाखों लोग आते हैं, इसलिए साफ-सफाई, अच्छे सार्वजनिक शौचालय और दूसरी जरूरी सुविधाओं पर भी खास ध्यान दिया जाएगा। सरकार ने यह भी कहा कि विकास के कामों से स्थानीय दुकानदारों और व्यापारियों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसका पूरा ख्याल रखा जाएगा।

टाउन हॉल, जामा मस्जिद और यमुना बाजार भी होंगे डेवलप

सरकार का डेवलपमेंट प्लान सिर्फ चांदनी चौक तक ही सीमित नहीं है। ऐतिहासिक टाउन हॉल को भी नए रूप में विकसित किया जाएगा, ताकि यह लोगों और पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन सके। इसके लिए चांदनी चौक की तरफ से नया एंट्री और एग्जिट बनाया जाएगा। वहीं यमुना बाजार के हनुमान मंदिर और उसके पीछे के इलाके को भी सुंदर बनाने की योजना है। इसके अलावा जामा मस्जिद के आसपास का इलाका और पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन के सामने श्यामा प्रसाद मुखर्जी मार्ग को भी सुधारा जाएगा। साथ ही इन सभी कामों में इतिहास और विरासत से जुड़े विशेषज्ञों की राय भी ली जाएगी।

इतिहास भी बचेगा, सुविधाएं भी बढ़ेंगी

सरकार का कहना है कि पुरानी दिल्ली का विकास सिर्फ नई सड़कें बनाने तक सीमित नहीं रहेगा। यहां ट्रैफिक व्यवस्था बेहतर की जाएगी, पार्किंग की सुविधा बढ़ेगी, कचरा प्रबंधन पर काम होगा और पर्यटकों की मदद के लिए एक कंट्रोल रूम भी बनाया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार करीब 7.12 वर्ग किलोमीटर में फैली 350 साल से ज्यादा पुरानी दिल्ली में एक विश्व धरोहर स्थल, 10 राष्ट्रीय संरक्षित स्मारक, 10 राज्य संरक्षित स्मारक और 700 से ज्यादा विरासत स्थल हैं। सरकार चाहती है कि इन सभी धरोहरों को सुरक्षित रखते हुए पुरानी दिल्ली कोअच्छा हेरिटेज एरिया बनाए जाए।

Updated on:
09 Jul 2026 02:46 pm
Published on:
09 Jul 2026 02:46 pm