नोएडा

इस महिला पर लग चुका है 70 हत्याओं का आरोप, अब लोकसभा चुनाव में बसपा को देंगी टक्कर

बसपा सुप्रीमो मायावती के दलित वोट बैंक पर भी है नजर, 2007 में मिर्जापुर भदोही से लड़ चुकी हैं लोकसभा चुनाव

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May 21, 2018
इस महिला पर लग चुका है 70 हत्याओं का आरोप, अब लोकसभा चुनाव में बसपा को देंगी टक्कर

नोएडा। फूलन देवी, नीलम गुप्ता और सीमा परिहार में एक बात कॉमन है। तीनों ही डकैत रह चुकी हैं। फूलन देवी तो सांसद भी रह चुकी हैं जबकि निर्भय गुर्जर की पत्नी नीलम भी निकाय चुनाव लड़ चुकी हैं। अब दस्यु सुंदरी सीमा परिहार भी लोकसभा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही हैं।

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कई दलों से चल रही है बात

70 हत्याओं और 200 से ज्यादा लोगों के अपहरण के मामले में अारोपी रह चुकीं सीमा अगले लोकसभा चुनाव में केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा को टक्कर दे सकती हैं। ग्रेटर नोएडा के निजी कार्यक्रम में शिरकत करने आईं सीमा ने कहा था कि कई राजनीतिक दलों से उनकी बात चल रही है। उनका कहना था कि कई मुख्य दलों ने तो उनको टिकट देने का आश्वासन भी दे रखा है। हां, अगर उनको कोई भी पार्टी टिकट नहीं देती है ताे वह निर्दलीय चुनाव लड़ेंगी।

दलित वोट बैंक पर है नजर

उनका कहना था कि उनकी नजर बसपा सुप्रीमो मायावती के दलित वोट बैंक पर भी है। दलितों के मुद्दों को शासन और प्रशासन के आगे उठाया जाएगा। कई साल से आम्बेडकर की प्रतिमा दनकौर कोतवाली में रखी हुई है। उसको लगवाने के लिए जल्द ही गौतमबुद्ध नगर के डीएम को ज्ञापन सौंपा जाएगा।

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पहले भी लड़ चुकी हैं चुनाव

कार्यक्रम में शामिल होने आईं दस्यु सुंदरी ने कहा था कि समाजसेवा करने के लिए राजनीति एक मुख्य रास्ता है। वह वेस्ट यूपी से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही हैं। खासतौर से गौतमबुद्ध नगर से। दस्यु सुंदरी का कहना था कि उन पर अब केवल दो मामले चल रहे हैं जबकि बाकी में वह बरी हो चुकी हैं। आपको बता दें कि सीमा परिहार इससे पहले भी 2007 में मिर्जापुर भदोही से लोकसभा चुनाव लड़ चुकी हैं।

कौन हैं सीमा परिहार

उत्तर प्रदेश के ओरैया जिले के दिबियापुर की रहने वाली सीमा परिहार ने 13 वर्ष की उम्र में हथियार उठा लिया था। सीमा का कहना था कि उनके पिता गांव में शादी नहीं करना चाहते थे। इससे डकैत लालाराम नाराज हो गया था। जब वह 13 साल की थी तो लालाराम ने उनका अपहरण कर लिया था। इसके बाद उन्होंने हथियार उठा लिए थे। फिर लाला राम और निर्भय गुर्जर में गैंगवार हुई। बाद में उनकी शादी निर्भय गुर्जर से हुई थी। 90 के दशक तक सीमा का खौफ बीहड़ों में फैल चुका था। वर्ष 2003 में समर्पण करने के बाद 2004 में उन्होंने इंडियन जस्टिस पार्टी की सदस्यता ली थी। उनके जीवन पर बॉलीवुड फिल्म भी बन चुकी है, जिसमें उन्होंने अपना किरदार खुद निभाया था। 2005 में लंदन के एक्सपो फिल्म फेस्टिवल में इसको क्रिटिक्स अवार्ड भी मिला था। इसके अलावा वह 2010 में बिग बॉस की मेहमान भी रह चुकी हैं।

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Published on:
21 May 2018 02:24 pm
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