
Sakshi Jha India's Got Latent Season 2 contestant suspended: मनोरंजन जगत और प्रशासनिक गलियारे से एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। मशहूर कॉमेडियन समय रैना (Samay Raina) के सुपरहिट कॉमेडी शो 'इंडियाज गॉट लेटेंट सीजन 2' (India's Got Latent Season 2) शुरू हो चुका है और लगातार यह सुर्खियों में बना रहा है। इस बार फिर जब शो ऑन एयर हुआ, चर्चा का विषय बन गया। शो में आई एक कंटेस्टेंट साक्षी झा (Sakshi Jha) अपने विवादित बयानों के कारण कानूनी और प्रशासनिक पचड़े में फंस गई हैं। खबर है कि साक्षी को बिहार सरकार ने उनके खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है।
'इंडियाज़ गॉट लेटेंट सीजन 2' के ऑडिशन सेगमेंट के दौरान साक्षी झा ने मंच पर आते ही सुर्खियां बटोरीं, लेकिन बेहद गलत वजहों से। उन्होंने अपना परिचय देते हुए खुलेआम कहा, "मैं एक मर्दों से नफरत करने वाली (Man-Hater) हूं।" जब शो के सेलिब्रिटी पैनलिस्ट और जजों ने उनसे पूछा कि क्या इसमें उनके अपने परिवार के पुरुष भी शामिल हैं? तो साक्षी ने बेझिझक जवाब दिया, "पापा हैं, पर हैं तो मर्द ही। मुझे उनसे भी नफरत है। दादा से भी नफरत है। मेरे भाई से भी नफरत है।"
जब उनसे इस नफरत की वजह पूछी गई, तो उन्होंने इसे "जेनरेशनल ट्रॉमा" यानी पीढ़ियों से चला आ रहा मानसिक तनाव बताया। साक्षी झा इस शो के इतिहास की पहली ऐसी कंटेस्टेंट बनीं, जिन्हें सभी पैनलिस्ट ने एकमत होकर 10 में से 0 पॉइंट दिए और जजों ने उन्हें पूरी तरह खारिज कर दिया, वहीं साक्षी ने खुद की परफॉर्मेंस को 10 में से 8 रेटिंग दी थी।
साक्षी ने शो के दौरान तब सबको सबसे ज्यादा हैरान कर दिया, जब उन्होंने अपनी भविष्य की प्लानिंग बताते हुए कहा कि उनकी जिंदगी का इकलौता लक्ष्य है- "होने वाले पति को दारू पी के बेल्ट से मारना।" उनके इस बयान को सुनकर शो के जज और वहां मौजूद दर्शक सन्न रह गए। एपिसोड के एयर होने के बाद से ही सोशल मीडिया पर साक्षी झा की जमकर क्लास लगाई जा रही है। नेटिजन्स का कहना है कि एक सरकारी स्कूल की शिक्षिका, जिस पर बच्चों के भविष्य को संवारने की जिम्मेदारी है, उसका ऐसा हिंसक और पुरुषों के लिए नफरत से भरा बर्ताव बेहद आपत्तिजनक और चिंताजनक है।
इसी को लेकर खबर है कि शो में दिए गए उनके आपत्तिजनक और विवादित बयानों के बाद बिहार सरकार ने उनके खिलाफ सख्त एक्शन लिया है। 'मिस मालिनी' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, साक्षी झा को उनके इन कमेंट्स के चलते सरकारी सेवा से सस्पेंड कर दिया गया है। हालांकि, किसी भी सरकारी संस्था, एजुकेशन डिपार्टमेंट या उनके स्कूल ने इसकी पुष्टि करते हुए कोई ऑफिशियल बयान जारी नहीं किया है और Rajsthan Patrika इन दावों को खुद से वेरिफाई नहीं कर सकता है।