पटना

झारखंड राज्य सभा चुनाव: क्रॉस-वोटिंग पर कड़ा पहरा, तीन एजेंटों की निगरानी में होगा हर वोट

झारखंड राज्य सभा चुनाव: इंडिया गठबंधन ने मॉक ड्रिल के बाद दोनों सीटों पर जीत का दावा किया है। गठबंधन के अनुसार उसके पास 56 वोट हैं,दूसरी ओर, एनडीए समर्थित उम्मीदवार परिमल नाथवाणी को करीब 25 वोट मिलने का अनुमान है।

2 min read
Jun 18, 2026
india alliance confident of both seats
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के साथ झामुमो और कांग्रेस प्रत्याशी। फोटो- FB-Dipika Pandey Singh


jharkhand rajya sabha election झारखंड राज्य सभा की दो सीटों के लिए आज कुछ ही देर में मतदान शुरू होगा। इसे लेकर महागठबंधन और एनडीए दोनों ने अपनी पूरी तैयारी कर ली है। प्रत्येक वोट पर दोनों गठबंधनों की पैनी नजर रहेगी। इसके लिए सभी राजनीतिक दलों ने मतदान, बूथ और मतगणना एजेंटों की नियुक्ति की है। निर्वाचन नियमों के अनुसार मतदान से पहले विधायकों को अपना मतपत्र (बैलेट पेपर) अपने अधिकृत मतदान एजेंट को दिखाना होगा। मतदान के लिए इंडिया गठबंधन और एनडीए के विधायक अलग-अलग बसों से कुछ ही देर में विधानसभा के लिए रवाना होंगे।

चुनाव प्रक्रिया के दौरान किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो, इसके लिए राज्य की सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं। पुलिस मुख्यालय ने हाई अलर्ट जारी किया है। मतदान को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के लिए विशेष निगरानी व्यवस्था की गई है। विधानसभा परिसर में करीब एक हजार अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है।

मॉक ड्रिल के बाद इंडिया गठबंधन ने जीत का किया दावा

बुधवार को इंडिया गठबंधन ने लगातार दूसरे दिन मॉक ड्रिल कर अपनी एकजुटता और संख्या बल का प्रदर्शन किया। इसके बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में गठबंधन की बैठक आयोजित हुई। बैठक में विधानसभा अध्यक्ष रविंद्र महतो और झामुमो विधायक हेमलाल मुर्मू शामिल नहीं हो सके। हेमलाल मुर्मू हर्निया की समस्या से पीड़ित हैं, जिसके कारण वे बैठक में नहीं पहुंच पाए। हालांकि उन्होंने मुख्यमंत्री को भरोसा दिलाया है कि वह गुरुवार को मतदान के दिन विधानसभा पहुंचकर अपना वोट डालेंगे।

मॉक ड्रिल और बैठक के बाद गठबंधन नेताओं ने दावा किया कि कांग्रेस प्रत्याशी प्रणव झा की जीत दूसरी वरीयता के वोटों के आधार पर लगभग तय है। मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने बताया कि मॉक ड्रिल में झामुमो प्रत्याशी बैजनाथ राम को प्रथम वरीयता के 29 वोट मिले। वहीं कांग्रेस उम्मीदवार प्रणव झा को प्रत्यक्ष रूप से 25 वोट प्राप्त हुए। विधानसभा अध्यक्ष के समर्थन को जोड़ने पर यह संख्या 26 हो जाती है। उन्होंने कहा कि इस आंकड़े के आधार पर गठबंधन के दोनों उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित है। किशोर के अनुसार एनडीए के पास केवल 25 वोट हैं। ऐसे में दूसरी वरीयता के वोट कांग्रेस प्रत्याशी के पक्ष में जाएंगे, जिससे उनकी जीत का रास्ता और मजबूत हो जाएगा।

56 वोटों के दम पर इंडिया गठबंधन आश्वस्त

राज्यसभा चुनाव में किसी उम्मीदवार की जीत के लिए 28 वोटों की आवश्यकता है। मौजूदा संख्या बल के अनुसार इंडिया गठबंधन के पास कुल 56 विधायक हैं। इनमें झामुमो के 34, कांग्रेस के 16, राजद के चार और भाकपा-माले के दो वोट शामिल हैं। सूत्रों के अनुसार झामुमो अपने उम्मीदवार बैजनाथ राम को कम-से-कम 30 प्रथम वरीयता वोट दिलाने की रणनीति पर काम कर रहा है, ताकि किसी संभावित वोट के रद्द होने की स्थिति में भी उनकी जीत पर कोई असर न पड़े। इसके बाद शेष वोट दूसरी वरीयता के रूप में कांग्रेस प्रत्याशी प्रणव झा को दिए जाएंगे, जिससे उनकी जीत की संभावना और मजबूत हो जाएगी। वहीं, एनडीए समर्थित उम्मीदवार परिमल नाथवाणी को जयराम महतो के समर्थन सहित कुल 25 वोट मिलने का अनुमान लगाया जा रहा है।

Published on:
18 Jun 2026 07:38 am