पटना

‘सिर्फ 3 लोग चला रहे बिहार, मनमर्जी से ले रहे फैसले’, सम्राट कैबिनेट पर तेजस्वी ने उठाए सवाल

तेजस्वी यादव ने बिहार की नई सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि मात्र 6 महीने के भीतर ही राज्य ने दो मुख्यमंत्री देख लिए हैं। उन्होंने कहा कि पिछले एक पखवाड़े से केवल 3 लोग ही पूरे बिहार को चला रहे हैं।

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Apr 30, 2026
Tejashwi yadav targets samrat choudhary
राजद नेता तेजस्वी यादव

बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और राजद के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार की एनडीए सरकार और सम्राट चौधरी कैबिनेट काम करने के तरीके पर हमला बोला है। तेजस्वी ने राज्य की वर्तमान शासन व्यवस्था को अलोकतांत्रिक और अराजक बताते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और पूर्व सीएम नीतीश कुमार की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।

तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट कर सरकार चलाने के तरीके पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछले एक पखवाड़े से बिहार की सत्ता केवल 3 लोगों के हाथों में सिमट कर रह गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि अधूरे मंत्रिमंडल के साथ, बिना किसी विमर्श, चिंतन और मनन के अलोकतांत्रिक तरीके से मनमर्जी के निर्णय लिए जा रहे हैं। तेजस्वी के अनुसार, सत्ता के लालच में एनडीए नेताओं ने नैतिकता और लोक लाज की मर्यादाएं त्याग दी हैं।

12 वर्षों में 10 बार हुआ सरकार का गठन

पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर सीधा प्रहार करते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि बीते 12 वर्षों में 10 बार सरकार का गठन और पुनर्गठन हुआ है। उन्होंने आंकड़े पेश करते हुए बताया कि पिछले 6 साल में 5 बार सत्ता का स्वरूप बदला है, जिसमें नीतीश कुमार ने कारण-अकारण 8 बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है। तेजस्वी ने इसे क्षणभंगुर विचारधारा बताते हुए कहा कि इस अस्थिरता ने शासकीय व्यवस्था को अंधेरे में धकेल दिया है और बिहारवासियों को उपहास का पात्र बनाया है।

46% समय व्यर्थ होने का दावा

तेजस्वी यादव ने सरकार की कार्यक्षमता पर सवाल उठाते हुए कहा कि बिहार विधानसभा चुनाव के बाद मात्र 6 महीने में ही राज्य ने दो मुख्यमंत्री देख लिए हैं। उन्होंने दावा किया कि षड्यंत्र से बनी इस पथभ्रष्ट सरकार के प्रथम वर्ष के कार्यकाल का 46.03% समय व्यर्थ हो चुका है। तेजस्वी ने चिंता जताई कि लगभग आधा समय गंवाने के बाद भी सरकार की प्राथमिकताएं, लक्ष्य, कार्यक्रम और नीतियां अब तक स्पष्ट नहीं हैं।

प्रशासनिक अराजकता और भ्रष्टाचार का आरोप

राज्य की कानून व्यवस्था और प्रशासनिक स्थिति पर तेजस्वी यादव ने कहा कि आज बिहार बेलगाम नौकरशाही और अनियंत्रित भ्रष्टाचार के चंगुल में है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में वित्तीय कुप्रबंधन, गरीबी, पलायन और बेरोजगारी का दुष्चक्र चल रहा है। उनके अनुसार, बिहार की आवाम को अब इस निरर्थक सरकार से कोई उम्मीद शेष नहीं है क्योंकि यह सरकार आमजनों की बजाय तंत्र में बैठे लोगों की पोषक बनी हुई है।

स्वयं समस्या बनी सरकार क्या करेगी समाधान?

तेजस्वी यादव ने अंत में तंज कसते हुए कहा कि 21 वर्षों की एनडीए सरकार की कार्यप्रणाली से बिहार के युवा, महिला, किसान और व्यापारी अब पूरी तरह नाउम्मीद हो चुके हैं। उन्होंने पूछा कि जो सरकार खुद स्वयं के लिए समस्या है, वह जनता का क्या समाधान करेगी? तेजस्वी के अनुसार, तंत्र-यंत्र और षड्यंत्र से अर्जित बहुमत वाली यह सरकार जनता की समस्याओं के प्रति पूरी तरह असंवेदनशील है।

Published on:
30 Apr 2026 02:50 pm