Delhi में भड़की हिंसा को लेकर AAP ने Modi government पर जमकर निशाना साधा AAP leader Sanjay Singh ने BJP पर Violence in Delhi भड़काने का आरोप लगाया
नई दिल्ली। नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) 2019, Citizenship Amendment Act 2019 के विरोध में पिछले दिनों दिल्ली में भड़की हिंसा ( Delhi Violence ) को लेकर आम आदमी पार्टी ( AAP ) में मोदी सरकार ( Modi Government ) पर जमकर निशाना साधा। आप नेता संजय सिंह ( AAP leader Sanjay Singh ) ने भाजपा ( BJP ) पर दिल्ली में दंगे भड़काने का आरोप लगाया। दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग ( DMC ) ने गुरुवार को दिल्ली हिंसा ( Violence in Delhi ) पर अपनी एक रिपोर्ट पेश की, जिसमें भाजपा नेताओं ( BJP Leaders ) को इस हिंसा के लिए जिम्मेदार ठहराया गया है। इस रिपोर्ट पर अपनी टिप्पणी में आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह ने कहा कि वह पहले दिन से चिल्ला-चिल्ला कर कह रहे थे कि भाजपा नेताओं ने हिंसा भड़काए। दिल्ली हिंसा की जांच कर रही दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग की फैक्ट-फाइंडिंग कमेटी ( Fact Finding Committee ) की रिपोर्ट गुरुवार को सामने आई। इस कमेटी की अध्यक्षता एडवोकेट एम.आर. शमशाद कर रहे थे।
इस रिपोर्ट में कहा गया है, "दिसंबर 2019 से लेकर फरवरी 2020 तक बार-बार हिंसा को शह दिया गया। वहीं भाजपा के नेताओं ने कई ऐसी बातें कही, जिसके जरिए सीएए के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे लोगों को उकसाने की कोशिश हुई।" राज्यसभा सांसद एवं आप के प्रदेश प्रभारी संजय सिंह ने आईएएनएस से कहा, "मैं संसद में भी कह चुका हूं, भारतीय जनता पार्टी ने दिल्ली के दंगे भड़काए। मैं पहले दिन से ही चिल्ला-चिल्ला कर कह रहा हूं। आप कपिल मिश्रा के भाषण उठाकर देख लीजिए, आप भाजपा नेताओं के भाषण उठाकर देख लीजिए, किस तरह उन्होंने दंगे भड़काए। ये मानवता के दुश्मन हैं, समाज को बांटने का काम कर रहे हैं। भाजपा का उद्देश्य है कि पूरे देश को नकली मुद्दों पर भटकाते रहो।"
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भाजपा नेता कपिल मिश्रा द्वारा मौजपुर में भाषण दिए जाने के बाद नॉर्थईस्ट दिल्ली के विभिन्न इलाकों में हिंसा भड़की। इस भाषण में उन्होंने खुलेआम कहा था कि 'जाफराबाद इलाके में प्रदर्शन कर रहे लोगों को जबरन हटाएंगे'। आपको बता दें कि दिल्ली में हिंसा भड़कने के दौरान कई लोगों की मौत हो गई थी। वहीं, आम आदमी पार्टी पार्षद पर भी हिंसा भड़काने का आरोप लगा था। हालांकि आप ने पार्षद को बाद में बर्खास्त कर दिया था। वहीं, आम आदमी पार्टी ने कपिल मिश्रा व परवेश वर्मा समेत कई नेताओं पर भड़काउ भाषण देने का आरोप लगाया।