राष्‍ट्रपति के प्रेस सचिव अशोक मलिक ने जारी किया स्‍पष्‍टीकरण अशोक मलिक ने कहा एनसीपी नेता से सिटिंग कोड को समझने में हुई भूल शरद पवार पांचवीं पंक्ति में सीट आवंटित होने की सूचना से नाराज थे
नई दिल्ली। भारत से वीआईपी कल्चर को खत्म करने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने पहले कार्यकाल में वाहनों पर लाल, नीली और पीली बत्ती लगाने की प्रथा को समाप्त कर दिया था। साथ ही सरकारी कामकाज में वीआईपी कल्चर से बचने की सभी को सलाह दी थी। लेकिन वीआईपी कल्चर आज भी भारत में जिंदा है। ऐसे ही एक मामले में राष्ट्रपति भवन की ओर से 30 मई को जारी शपथ ग्रहण के सिटिंग प्लान की कोडिंग न समझ पाने और वीआईपी कल्चर की मानसिकता के शिकार एनसीपी प्रमुख शरद पवार हुए।
राष्ट्रपति के प्रेस सचिव ने जारी किया स्पष्टीकरण
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में एनसीपी प्रमुख शरद पवार की सीट को लेकर हुए विवाद पर राष्ट्रपति भवन की ओर से राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के प्रेस सचिव अशोक मलिक ने एक ट्वीट में कहा कि मिस्टर पवार की सीट पहली पंक्ति में वीवीआईपी सेक्शन में आवंटित थी। पांचवी पंक्ति में नहीं। प्रेस सचिव ने अपने ट्वीट में बताया कि पवार की पार्टी के सदस्य भ्रमित हो गए, पवार के नाम के आगे 5 (V) लिखा था जिसमें V का मतलब VIP था लेकिन V को (पांचवी पंक्ति) समझ लिया।
पवार को मिली गलत जानकारी
दरअसल, शरद पवार की सिटिंग प्लान के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए जिस एनसीपी नेता को जिम्मेदारी सौंपी गई वो सिटिंग प्लान को समझ नहीं पाए। राष्ट्रपति भवन की ओर से जारी कोडिंग को लेकर उक्त नेता ने भ्रम की वजह से एनसीपी प्रमुख पवार को गलत जानकारी दे दी। इसका नतीजा यह निकला कि एनसीपी प्रमुख शरद पवार पीएम मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल नहीं हुए। इस बात को उनकी बड़ी भूल माना जा रहा है।
एनसीपी प्रवक्ता ने जताई थी नाराजगी
बता दें कि शरद पवार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शपथ ग्रहण कार्यक्रम में तय प्रोटोकॉल के अनुरूप सीट नहीं मिलने के कारण शामिल नहीं हुए थे। एनसीपी के प्रवक्ता नवाब मलिक ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा था कि पवार वरिष्ठ राष्ट्रीय नेता हैं और वह मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के रूप में कार्य कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि पवार के कार्यालय कर्मियों ने पाया कि पवार को बैठने के लिए जो सीट दी गई है वह प्रोटोकॉल के अनुसार नहीं है। इसलिए शरद पवार शपथ ग्रहण कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए।