रायपुर

IAS Officer Death: छत्तीसगढ़ के पूर्व आईएएस अधिकारी का निधन, रायपुर एम्स में ली अंतिम सांस, दौड़ी शोक की लहर

Chhattisgarh Administration:लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे और उनका उपचार रायपुर एम्स में चल रहा था। उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से प्रशासनिक, शैक्षणिक और सामाजिक क्षेत्रों में शोक की लहर है।

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Jun 03, 2026
IAS Officer Death
पूर्व आईएएस अधिकारी बीकेएस रे (Photo Patrika)

IAS Officer Death: छत्तीसगढ़ के प्रशासनिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। रिटायर्ड वरिष्ठ पूर्व आईएएस अधिकारी बीकेएस रे का निधन हो गया है। अपने लंबे प्रशासनिक अनुभव, कुशल कार्यशैली और जनहितकारी दृष्टिकोण के लिए पहचान रखने वाले बीकेएस रे ने शासन-प्रशासन में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। उनके निधन पर कई वरिष्ठ अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और शुभचिंतकों ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की है। वे लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे और उनका उपचार रायपुर एम्स में चल रहा था। उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से प्रशासनिक, शैक्षणिक और सामाजिक क्षेत्रों में शोक की लहर है।

IAS Officer Death: राज्य गठन के शुरुआती वर्षों में महत्वपूर्ण भूमिका

छत्तीसगढ़ राज्य गठन के शुरुआती वर्षों में प्रशासनिक ढांचे को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के 1972 बैच के अधिकारी रहे रे ने अपने कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाली और प्रशासनिक व्यवस्था को प्रभावी बनाने में उल्लेखनीय योगदान दिया। उनकी स्पष्ट सोच, निर्णय क्षमता और सुशासन के प्रति प्रतिबद्धता ने उन्हें प्रशासनिक सेवा में अलग पहचान दिलाई।

कई विभागों में संभाली कमान

अपने प्रशासनिक जीवन में उन्होंने गृह, परिवहन और विमानन जैसे महत्वपूर्ण विभागों में जिम्मेदारियां संभालीं। बाद में वे प्रशासन अकादमी के महानिदेशक तथा माध्यमिक शिक्षा मंडल और व्यावसायिक परीक्षा मंडल के अध्यक्ष भी रहे। शासन और प्रशासन से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णयों तथा नीतिगत प्रक्रियाओं में उनकी सक्रिय भूमिका रही।

ग्रीस में सुकरात अवॉर्ड से सम्मानित

ग्रीस में आठ दिवसीय अंतरराष्ट्रीय हिंदी सम्मेलन कायर्क्रम में खासताैर पर आमंत्रित किया गया। रिटायर्ड आईएएस बीकेएस रे को साहित्यिक क्षेत्र में योगदान के लिए सुकरात अवॉर्ड और मीडिया में योगदान के लिए ट्रू मीडिया अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। देशभर के चुनिंदा 35 साहित्यकार, लेखक और कवि इस सम्मेलन में शामिल हुए। इस मौके पर बीकेएस रे ने अपनी कविताओं का पाठ भी किया।

सेवानिवृत्ति के बाद भी वे सार्वजनिक जीवन में सक्रिय

बी.के.एस. रे को एक अध्ययनशील अधिकारी के रूप में भी जाना जाता था। सेवानिवृत्ति के बाद भी वे सार्वजनिक जीवन में सक्रिय रहे। प्रशासन, शिक्षा, सुशासन और सार्वजनिक नीति जैसे विषयों पर उनके लेख और व्याख्यान लगातार चर्चा में रहते थे। उनके बारे में उपलब्ध सार्वजनिक जानकारी के अनुसार उन्होंने कई पुस्तकों का लेखन भी किया और विभिन्न विषयों पर नियमित रूप से लेख लिखते रहे। उनके निधन पर पूर्व और वर्तमान नौकरशाहों, जनप्रतिनिधियों, शिक्षाविदों तथा सामाजिक संगठनों ने गहरा दुख व्यक्त किया है। लोगों ने उन्हें एक सुलझे हुए प्रशासक, विद्वान अधिकारी और संस्थान निर्माता के रूप में याद किया।

Updated on:
03 Jun 2026 11:34 am
Published on:
03 Jun 2026 10:55 am