
Raipur Teacher Suspension: छत्तीसगढ़ के रायपुर गुल्लू शासकीय शराब दुकान से जुड़े कथित अवैध शराब परिवहन के मामले में अब शिक्षा विभाग ने भी कार्रवाई की है। आरंग पुलिस की कार्रवाई में गिरफ्तार अमोदी प्राथमिक शाला के सहायक शिक्षक और संकुल समन्वयक तीरित राम बांधे को जिला शिक्षा अधिकारी रायपुर ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। विभाग के अनुसार, आपराधिक प्रकरण में 48 घंटे से अधिक समय तक न्यायिक हिरासत में रहने के कारण सेवा नियमों के तहत यह कार्रवाई की गई है।
पुलिस के मुताबिक रविवार रात आरंग थाना प्रभारी निरीक्षक नरेश साहू के नेतृत्व में टीम गश्त कर रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि ग्राम गुल्लू स्थित शासकीय शराब दुकान से बड़ी मात्रा में शराब अर्टिगा कार के जरिए कथित रूप से अवैध तरीके से ले जाई जा रही है। सूचना के आधार पर पुलिस ने रानीसागर हनुमान मंदिर के पास घेराबंदी की। इसी दौरान CG 04 QB 5200 नंबर की अर्टिगा कार को रोककर तलाशी ली गई।
पुलिस के अनुसार तलाशी के दौरान कार से 160 पाव देशी मसाला शराब बरामद हुई। इसकी मात्रा 28.800 बल्क लीटर और अनुमानित कीमत करीब 16 हजार रुपए बताई गई है। पुलिस ने शराब के साथ कार भी जब्त की है। वाहन की अनुमानित कीमत करीब 8 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस के अनुसार शराब और वाहन समेत कुल करीब 8.16 लाख रुपए की संपत्ति जब्त की गई।
मामले की जांच के बाद पुलिस ने शराब दुकान से जुड़े कर्मचारियों सहित कुल सात लोगों को गिरफ्तार किया। इनमें शराब दुकान सुपरवाइजर उबारन दास पुरेना, सेल्समैन राजेश काटले, मल्टी-वर्कर सुरेश बांधे, वाहन चालक भरत रात्रे, दिलीप कुमार कुर्रे, भागवत बारले और सहायक शिक्षक तीरित राम बांधे शामिल हैं। पुलिस के अनुसार सभी के खिलाफ छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
शिक्षक तीरित राम बांधे अमोदी प्राथमिक शाला में सहायक शिक्षक के साथ संकुल समन्वयक की जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे। गिरफ्तारी के बाद उनके 48 घंटे से अधिक समय तक न्यायिक हिरासत में रहने की जानकारी शिक्षा विभाग को मिली। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी जी. सतीश कुमार ने निलंबन आदेश जारी किया। आदेश में संबंधित सेवा नियमों का हवाला देते हुए शिक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।
विभागीय आदेश के अनुसार मामले में छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम 3 का उल्लेख किया गया है। वहीं 48 घंटे से अधिक समय तक न्यायिक हिरासत में रहने के आधार पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम 9(2)(क) के तहत निलंबन की कार्रवाई की गई है। हालांकि, शिक्षक पर आपराधिक मामले में लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के तहत होगा। निलंबन विभागीय सेवा से जुड़ी कार्रवाई है और इसे आपराधिक मामले में दोषसिद्धि नहीं माना जाता।
निलंबन अवधि के दौरान तीरित राम बांधे का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी (BEO), तिल्दा कार्यालय निर्धारित किया गया है। आदेश के मुताबिक निलंबन अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
गुल्लू शासकीय शराब दुकान से कथित अवैध शराब की निकासी और परिवहन से जुड़े मामले में पुलिस की जांच जारी है। शराब और वाहन जब्ती के बाद अब शिक्षा विभाग की ओर से शिक्षक के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई है। आगे की स्थिति पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर स्पष्ट होगी।