
Chhattisgarh Online Marriage Scam: छत्तीसगढ़ में ऑनलाइन ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। साइबर ठग अब लोगों को अपने जाल में फंसाने के लिए नए-नए तरीके अपना रहे हैं। कभी नौकरी का झांसा देकर तो कभी निवेश के नाम पर ठगी की जाती है। वहीं अब ऑनलाइन वैवाहिक प्लेटफॉर्म भी साइबर अपराधियों के निशाने पर हैं।
ऐसा ही एक मामला खैरागढ़-छुईखदान-गंडई (KCG) जिले से सामने आया है, जहां जीवनसाथी ऐप के जरिए युवती से संपर्क करने वाले एक युवक ने शादी का झांसा देकर पहले उसकी निजी जानकारी और फोटो हासिल की और बाद में उन्हीं तस्वीरों को वायरल करने की धमकी देकर उससे 1 लाख 67 हजार रुपये ऐंठ लिए।
मामले की शिकायत मिलने के बाद छुईखदान पुलिस और साइबर सेल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी रोहित यादव को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर उपजेल सलोनी भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार, पीड़िता ने जून 2026 में जीवनसाथी ऐप पर अपने नाम से आईडी बनाई थी। उसका उद्देश्य ऑनलाइन माध्यम से जीवनसाथी की तलाश करना था। इसी दौरान उसकी पहचान आरोपी रोहित यादव से हुई। दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे आरोपी ने पीड़िता का विश्वास जीतना शुरू कर दिया।
बताया गया है कि आरोपी ने बातचीत के दौरान युवती से शादी करने की इच्छा जताई। शादी का भरोसा मिलने के बाद पीड़िता और आरोपी के बीच बातचीत बढ़ती गई। इसी दौरान आरोपी ने युवती से उसकी व्यक्तिगत जानकारी और निजी फोटो हासिल कर लिए।
आरोप है कि निजी जानकारी और फोटो हासिल करने के बाद आरोपी का रवैया बदल गया। उसने युवती की तस्वीरों और व्यक्तिगत जानकारी को सार्वजनिक करने की धमकी देना शुरू कर दिया। आरोपी ने कथित तौर पर कहा कि यदि उसकी मांग पूरी नहीं की गई तो वह युवती की निजी तस्वीरें और जानकारी वायरल कर देगा। इस धमकी से परेशान युवती आरोपी के दबाव में आ गई। इसके बाद आरोपी ने उससे पैसों की मांग शुरू कर दी। धीरे-धीरे यह रकम बढ़ती गई और आरोपी ने ऑनलाइन माध्यम से युवती से कुल 1 लाख 67 हजार रुपये ट्रांसफर करा लिए।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने 6 जुलाई 2026 को फोन-पे के माध्यम से युवती से कुल 1,67,000 रुपये की राशि ट्रांसफर कराई। लगातार धमकी और दबाव से परेशान युवती ने आखिरकार पुलिस से शिकायत करने का फैसला किया।
इसके बाद पीड़िता 8 अगस्त 2026 को थाना छुईखदान पहुंची और पूरे मामले की लिखित शिकायत पुलिस को दी। शिकायत में उसने जीवनसाथी ऐप के जरिए आरोपी से पहचान होने, शादी का झांसा देने, निजी फोटो और जानकारी हासिल करने तथा उन्हें वायरल करने की धमकी देकर पैसे वसूलने की पूरी जानकारी पुलिस को दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए छुईखदान पुलिस ने शिकायत के आधार पर अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने आरोपी की पहचान और उसके संबंध में जानकारी जुटाई। साथ ही साइबर माध्यम से लेन-देन और अन्य तकनीकी पहलुओं की भी जांच की गई। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में थाना छुईखदान पुलिस और साइबर सेल KCG की टीम ने आरोपी की तलाश शुरू की। जांच के दौरान पुलिस आरोपी तक पहुंची और उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपी रोहित यादव ने अपराध स्वीकार किया। इसके बाद पुलिस ने उसे 10 अगस्त 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया। न्यायालय के आदेश पर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर उपजेल सलोनी भेज दिया गया। मामले में आगे की जांच जारी है।
इस मामले के सामने आने के बाद पुलिस ने लोगों से ऑनलाइन वैवाहिक प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि किसी अनजान व्यक्ति पर तुरंत भरोसा करने से बचें और बातचीत के दौरान अपनी निजी जानकारी, पहचान संबंधी दस्तावेज, बैंकिंग डिटेल या निजी फोटो साझा न करें।
विशेष रूप से ऑनलाइन रिश्ते के दौरान यदि कोई व्यक्ति निजी फोटो या जानकारी को वायरल करने की धमकी देकर पैसे की मांग करता है तो डरने के बजाय तत्काल पुलिस या साइबर अपराध से संबंधित अधिकारियों को इसकी जानकारी देनी चाहिए।