राजसमंद

Rajasthan: आंदोलनकारी किसानों की सीधी चेतावनी, राजस्थान के इस बांध से रोक देंगे पानी की आपूर्ति

धरना स्थल पर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रदेश मंत्री हर्षल पियाल पहुंचे और आन्दोलनकारी किसानों को संबोधित किया।
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Oct 25, 2025
farmers protest in Rajsamand
धरनास्थल पर जुटे किसान। फोटो- पत्रिका

रेलमगरा। मातृकुण्डिया बांध के डूब क्षेत्र में आ रहे गिलूण्ड क्षेत्र के आधा दर्जन से अधिक और चित्तौड़गढ़ जिले के गुरजनिया गांव के प्रभावित किसानों की ओर से बांध खाली करने या किसानों को डूब क्षेत्र का मुआवजा देने की मांग को लेकर शुरू किया गया धरना लगातार जारी है।

दो दर्जन ट्रैक्टर लेकर पहुंचे

किसानों की भीड़ सुबह से ही धरना स्थल पर जुटना शुरू हो गई। गिलूण्ड कस्बे से किसान करीब दो दर्जन ट्रैक्टर लेकर धरना स्थल पर पहुंचे। वहीं क्षेत्र के कोलपुरा, टीलाखेड़ा, कुण्डिया, जवासिया, धुलखेड़ा, खुमाखेड़ा आदि गांवों से बड़ी संख्या में काश्तकार मौके पर पहुंचे और किसानों की मांग को मजबूती प्रदान की।

धरना स्थल पर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रदेश मंत्री हर्षल पियाल पहुंचे और आन्दोलनकारी किसानों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि सरकार कानों में तेल डाले सोई हुई है। किसानों की सुनने वाला कोई नही है, राजनेता तुष्टीकरण की राजनीति कर रहे हैं। वहीं अधिकारी जनता के हितों को अनदेखा करते हुए अपना वेतन पाने की जुगत कर रहे हैं। किसानों एवं आमजन की समस्याओं के समाधान की किसी को परवाह ही नहीं है।

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धरनास्थल आ सकते हैं बेनीवाल

उन्होंने कहा कि बेनीवाल किसानों के इस आन्दोलन की हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं। वे कलक्टर से बातचीत कर उन्हें धरना स्थल पर भेजने का प्रयास भी करेंगे और जरूरत पड़ी तो वे स्वयं भी यहां पहुंच कर किसानों की समस्याओं का समाधान कराने का प्रयास करेंगे। धरना स्थल पर किसानों ने सरकार को सद्बुद्धी देने के लिए सामूहिक प्रार्थना की। उन्होंने मांगे नहीं माने जाने की दशा में मातृकुण्डिया बांध से हिन्दुस्तान जिंक दरीबा के पानी को रोक देने की चेतावनी भी दी।

Updated on:
25 Oct 2025 05:21 pm
Published on:
25 Oct 2025 05:21 pm