जैन संत व आचार्य पुलक सागर ने मध्यप्रदेश की आंगनवाडि़यों में बच्चों को अंडा देने का विरोध करते हुए सरकार से इस निर्णय को वापस लेने की बात की है। आचार्य ने कहा कि मंत्री इमरती देवी, बच्चों को इमरती खिलाए, दूध दें, लेकिन मांसाहार से दूर रहे व बच्चों को दूर रखें।
रतलाम। जैन संत व आचार्य पुलक सागर इन दिनों शहर में है। ज्ञानगंगा महोत्सव के अंतर्गत उनके प्रवचन तोपखाना में प्रतिदिन सुबह हो रहे है। उन्होंने अपने प्रवचन में राज्य की मंत्री इमरती देवी से अपील की, वे आंगनवाडि़यों में अंडा देने के बजाए इमरती दे। संत की वाणी का यह कमाल था कि उनके इतना कहने के अगले ही दिन अंडा के खिलाफ हस्ताक्षर अभियान की शुरुआत हो गई। सुबह अभियान शुरू हुआ तो शाम को जिले के आलोट से कांगे्रस विधायक मनोज चांवला ने आचार्य मुलाकात की।
आचार्य ने कहा कि महिला बाल विकास मंत्री इमरतीदेवी ने हाल ही में आंगनवाडिय़ों में अण्डे दिए जाने की बात कही है, लेकिन मुख्यमंत्री कमलनाथ,आचार्य विद्यासागर को आश्वस्त कर दिए गए थे कि अण्डा देने के निर्णय पर विचार होगा। आचार्य ने कहा इमरतीदेवी का बयान गंभीरता से लेने की जरूरत है। मांसाहार के चलते चीन कोरोना जैसी बीमारी से जुझ रहा है, इसलिए अब शाकाहार की तरफ आना ही होगा।
अब शुरू हो गया अभियान
महिला एवं बाल विकास मंत्री द्वारा आंगनवाडिय़ों में अंडा वितरण की पुन: मंशा जाहिर करने पर रतलाम स्वच्छता अभियान समिति द्वारा विरोधस्वरूप हस्ताक्षर अभियान की शुरुआत की गई। समिति के अनिल जीवनलाल कटारिया ने बताया कि हस्ताक्षर अभियान के अंतर्गत मंगलवार को पतंजलि युवा भारत द्वारा बिरियाखेड़ी में आयोजित राज्यस्तरीय योगासन प्रतियोगिता में प्रतिभागियों एवं योगा कोच के हस्ताक्षर लिए गए। इस अवसर पर समिति के पूर्व पार्षद प्रहलाद पटेल, संजय चपरोट, दक्षिता सांकला सहित समिति के सदस्य उपस्थित थे।
शाम को मिले विधायक
इधर मंगलवार शाम को विधायक चांवला ने आचार्य से साठघर का नोहरा में जाकर मुलाकात की। इस दौरान आचार्य ने कहा कि मंत्री को समझाया जाए कि शाकाहार जरूरी है। इस पर विधायक ने जवाब दिया कि इस मामले को सदन में पूर्व में उठाया गया था। तब जवाब दिया गया था कि 2013 से महाराष्ट्र में भी यही किया जा रहा है। इस पर संत ने कहा कि हम अलग कर सकते है, अन्य राज्य की नकल की क्या जरुरत है।
21 फरवरी को सीएम को बताउंगा
21 फरवरी को शाम को मुख्यमंत्री से विशेष मुलाकात है। तब उनको संत सहित शाकाहार समाज के विचार से अवगत कराया जाएगा।
- मनोज चांवला, विधायक आलोट