
Royal Family Shooting Case Investigation- मध्य प्रदेश के सतना जिले के नागौद-उचेहरा के पूर्व राजपरिवार की परसमनिया गढ़ी में हुए चर्चित गोलीकांड (Satna Royal Family Shooting Case) की जांच अब नए चरण में पहुंच गई है। घटना केचार दिन बाद सोमवार को फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की टीम घटनास्थल का निरीक्षण करेगी। अब तक पुलिस द्वारा जुटाए गए साक्ष्यों और दोनों पक्षों के दावों के बीच फोरेंसिक जांच को पूरे घटनाक्रम की अहम कड़ी माना रहा है।
विशेषज्ञ टीम यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि गोली किस स्थान से चलाई गई, उसकी दिशा क्या थी और घटना के समय परिस्थितियां कैसी थीं। घटना के तुरंत बाद फोरेंसिक वैज्ञानिक उपलब्ध नहीं होने के कारण उचेहरा पुलिस ने स्वयं मौके की जांच कर खून के नमूने, चार कारतूस के खोखे और इस्तेमाल की गई बंदूक जब्त की थी। घटनास्थल को सील कर दिया गया था। अब टीम दीवारों, वाहनों और अन्य वस्तुओं पर मौजूद निशानों का परीक्षण करेगी। बैलिस्टिक जांच के जरिए हथियार और फायरिंग की परिस्थितियों का वैज्ञानिक विश्लेषण किया जाएगा। जांच में ये साफ़ हो सकेगा कि फायरिंग किस स्थिति में की और गोली चलाने की ट्रेजेक्ट्री क्या थी।
मारपीट में घायल रूपेंद्र सिंह के सिर, कान और कंधे पर चोटें आई थीं। उनका दो बार मेडिकल परीक्षण कराया गया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार उनकी विस्तृत मेडिकल रिपोर्ट सोमवार को मिलने की संभावना है। यह रिपोर्ट भी यह तय करने में महत्वपूर्ण होगी कि घटना के दौरान मारपीट कितनी गंभीर थी और किन धाराओं में कार्रवाई आगे बढ़ाई जाए। जांच के दौरान सामने आए वीडियो और बयानों से यह साफ हुआ है कि गोली चलने से पहले गढ़ी परिसर में जमकर मारपीट और तोड़फोड़ हुई थी। रूपेंद्र सिंह से पत्नी योगिता सिंह के भाई नागेंद्र सिंह राठौड़ और उसके साथियों ने उनके साथ मारपीट की थी।
रूपेंद्र सिंह और उनकी पत्नी योगिता सिंह के बीच लंबे अरसे से घरेलू विवाद चल रहा है। योगिता सिंह परसमनिया गढ़ी (Parasmania Garhi.) में नहीं रहती थीं। गत 11 जून को वे अपने बेटे, मां भाई और अन्य परिजनों के साथ परसमनिया गढ़ी पहुंची थीं। उस समय गढ़ी में रूपेंद्र सिंह के साथ उनकी महिला मित्र सुनीता सिंह परिहार मौजूद थीं। बताया गया कि योगिता पक्ष द्वारा सुनीता को गढ़ी से बाहर करने की कोशिश की गई, जिसका रूपेंद्र सिंह ने विरोध किया। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में विवाच बढ़ा और मारपीट शुरू हो गई।
पुलिस के अनुसार विवाद बढ़ने पर सुनीता सिंह परिहार ने खुद को एक कमरे में बंद कर लिया और खिड़की से बंदूक से कई राउंड फायर किए। इसी दौरान चली एक गोली योगिता सिंह के पेट में जा लगी। गंभीर रूप से घायल योगिता को पहले सतना और बाद में रीवा के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत अप स्थिर बताई जा रही है। घटना के बाव पुलिस ने फायरिंग की आरोपी सुनीता सिंह परिहार को गिरफ्तार वार न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। वहीं रूपेंद्र सिंह की शिकायत पर योगिता सिंह के भाई नागेंद्र सिंह सहित तीन लोगों के खिलाफ मारपीट, तोड़फोड़ और अन्य धाराओं में अलग से एफआईआर वर्ज की गई है।