
Shivpuri Grandmother Grandson Death: मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले के बदरवास थाना क्षेत्र के धामनटूक गांव में रविवार को भी मातम पसरा रहा है। गांव के रहने वाले परमाल धाकड़ के घर पर दिनभर लोगों का आना-जाना लगा रहा है और लोग शोकाकुल परिवार को ढांढस बंधाते नजर आए। दरअसल परमाल धाकड़ के इकलौते बेटे और उनकी मां का एक ही दिन में शनिवार को निधन हो गया। 7 वर्षीय पोते की मौत की खबर जब दादी को लगी तो वो सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाईं और उनकी भी मौत हो गई। इसके बाद शनिवार शाम को दोनों का एक ही चिता पर अंतिम संस्कार किया गया।
ग्राम धामनटूक निवासी परमाल धाकड़ का इकलौता बेटा अंशुल (7) गांव के स्कूल में कक्षा 4 में पढ़ता था। नवोदय विद्यालय में एडमिशन की तैयारी के लिए कुछ महीने पहले ही अंशुल अपनी दादी शांति बाई के साथ कोलारस में रहकर कोचिंग पढ़ने लगा था। शनिवार सुबह अचानक अंशुल की तबीयत बिगड़ गई। दादी शांतिबाई ने इसकी सूचना अंशुल के पिता परमाल धाकड़ को दी। पिता परमाल कोलारस आए और अंशुल को शिवपुरी के एक निजी अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने अंशुल को मृत घोषित कर दिया।
इकलौते बेटे की मौत को परिजन स्वीकार नहीं कर पा रहे थे। तभी एक रिश्तेदार की सलाह पर अंशुल को गुना के निजी अस्पताल ले जाया गया। इधर पोते की मौत होने की सूचना मिलने पर दादी शांतिबाई की तबीयत अचानक बिगड़ गई। परिजन शांतिबाई को बदरवास स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। जब पिता परमाल धाकड़ बेटे का शव लेकर वापस गांव लौट रहे थे तभी उन्हें अस्पताल में भर्ती मां की मौत की खबर मिली।
एक ही दिन में इकलौते पोते व दादी की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। शनिवार शाम धामनटूक गांव में एक ही चिता पर दादी-पोते का अंतिम संस्कार किया गया। दादी-पोते के अंतिम संस्कार के वक्त पूरा गांव गमगीन नजर आया। ग्रामीणों का कहना है कि दादी-पोते में काफी प्रेम था।