सीकर

बालाजी मंदिर में बिखरा खून इंसान का निकला, 50 कैमरों में भी नहीं दिखा कोई संदिग्ध, पुलिस के लिए पहेली बनी वारदात

Sikar Temple Blood Incident: सीकर के पिपराली गांव स्थित बालाजी मंदिर में फर्श पर मिला खून इंसान का निकला। पुलिस ने 50 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले, लेकिन कोई संदिग्ध नहीं दिखा।
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Mar 16, 2026
Sikar Human Blood Found in Piprali Balaji Temple No Suspect Seen in 50 CCTV Cameras Mystery Deepens for Police
पिपराली में मंदिर में बिखरा खून इंसान का निकला, पुलिस जांच में जुटी (पत्रिका फाइल फोटो)

Sikar Temple Blood Incident: राजस्थान के सीकर जिले से सटे पिपराली गांव में उस समय सनसनी फैल गई, जब यहां स्थित प्राचीन बालाजी मंदिर के गर्भगृह और फर्श पर खून के धब्बे बिखरे मिले।

शुरुआती जांच में यह आशंका जताई जा रही थी कि शायद किसी जानवर के कारण ऐसा हुआ होगा, लेकिन FSL की रिपोर्ट ने सबको चौंका दिया है। जांच में पुष्टि हुई है कि मंदिर में बिखरा हुआ खून इंसान का ही है।

पुजारी ने सुबह देखा मंजर, गांव में फैला हड़कंप

मामला शुक्रवार सुबह का है, जब मंदिर के पुजारी रवि हमेशा की तरह पूजा-अर्चना के लिए वाटरवर्क्स ऑफिस परिसर में बने बालाजी मंदिर पहुंचे। जैसे ही उन्होंने मंदिर का पट खोला, सामने का नजारा देख उनके होश उड़ गए।

मंदिर के फर्श पर जगह-जगह ताजे खून के निशान पड़े थे। देखते ही देखते मंदिर के बाहर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। आस्था के केंद्र में इस तरह खून मिलना पूरे इलाके में चर्चा और दहशत का विषय बन गया।

50 कैमरों की जांच

घटना की सूचना मिलते ही दादिया थानाधिकारी बुद्धिप्रसाद पुलिस टीम और FSL विशेषज्ञों के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मंदिर परिसर से लेकर गांव के मुख्य रास्तों तक लगे 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली है। पुलिस की सबसे बड़ी उलझन यह है कि इन फुटेज में मंदिर की ओर आता या जाता हुआ कोई भी संदिग्ध व्यक्ति नजर नहीं आया है।

खराब DVR में छिपा है राज?

जांच में एक अहम मोड़ तब आया, जब पुलिस ने मंदिर के ठीक पीछे लगे कैमरों की जांच करनी चाही। हालांकि, उन कैमरों की DVR (डिजिटल वीडियो रिकॉर्डर) तकनीकी खराबी के कारण काम नहीं कर रही है।

पुलिस को संदेह है कि अपराधी इसी रास्ते से आया होगा। फिलहाल, उस DVR को रिकवरी के लिए सीकर के विशेषज्ञों के पास भेजा गया है, ताकि घटना के समय की फुटेज निकाली जा सके।

उठ रहे हैं कई सवाल

  • क्या रात के अंधेरे में कोई व्यक्ति घायल अवस्था में मंदिर पहुंचा था?
  • क्या यह किसी तांत्रिक क्रिया या रंजिश का हिस्सा है?
  • मंदिर में खून होने के बावजूद कोई संघर्ष या चोरी के निशान क्यों नहीं मिले?

फिलहाल, पुलिस गांव के स्थानीय लोगों और अस्पताल के रिकॉर्ड्स भी खंगाल रही है। ताकि पता चल सके कि क्या कोई घायल व्यक्ति उपचार के लिए पहुंचा था। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द इस 'खूनी रहस्य' से पर्दा उठाने की मांग की है।

Updated on:
16 Mar 2026 05:34 pm
Published on:
16 Mar 2026 05:34 pm