
Team India Asian Games 2026: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम का कॉम्बिनेशन अनुभव, आक्रामक बल्लेबाजी और ऑलराउंड क्षमता का दिलचस्प मिश्रण है। एक तरफ 32 साल के जसप्रीत बुमराह का अंतरराष्ट्रीय अनुभव, तो दूसरी तरफ महज 15 साल के वैभव सूर्यवंशी का बेखौफ अंदाज। इनके बीच अभिषेक शर्मा की पावर हिटिंग, संजू सैमसन और ईशान किशन की बल्लेबाजी, तिलक वर्मा की क्लास और अक्षर पटेल-वॉशिंगटन सुंदर जैसे ऑलराउंडरों का संतुलन। एशियन गेम्स 2026 के लिए भारत की टीम में अनुभव और युवा ऊर्जा के साथ-साथ बल्लेबाजी और गेंदबाजी में कई विकल्प मौजूद हैं। यही वजह है कि इस टीम का कॉम्बिनेशन बेहद दिलचस्प नजर आ रहा है। पावरप्ले में तेजी से रन बनाने वाले बल्लेबाजों से लेकर डेथ ओवर के विशेषज्ञ गेंदबाजों तक, भारतीय टीम के पास टी20 क्रिकेट की लगभग हर जरूरत के लिए विकल्प मौजूद हैं।
भारत के पास शीर्ष क्रम में अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन, ईशान किशन और वैभव सूर्यवंशी जैसे विकल्प हैं। इनमें से हर बल्लेबाज तेजी से रन बनाने की क्षमता रखता है। यानी टीम मैनेजमेंट के पास परिस्थितियों और मैचअप के हिसाब से बल्लेबाजी क्रम तय करने की पूरी गुंजाइश होगी।
अभिषेक शर्मा ने 2026 में टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में 27 मैचों में 743 रन बनाए। उनका स्ट्राइक रेट 204.68 रहा। वह सिर्फ बल्ले से ही नहीं, जरूरत पड़ने पर गेंद से भी योगदान दे सकते हैं। संजू सैमसन ने 2026 में T20I क्रिकेट में 18 मैचों में 526 रन बनाए और उनका स्ट्राइक रेट 179.52 रहा।
ईशान किशन भी इसी साल टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में 27 मैचों में 905 रन बनाकर अपनी आक्रामक क्षमता दिखा चुके हैं। वह इस साल अब तक टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाले शीर्ष खिलाड़ी हैं। ऐसे में भारतीय टॉप ऑर्डर में एक साथ कई ऐसे बल्लेबाज हैं, जो शुरुआती ओवरों में ही विपक्षी गेंदबाजी पर दबाव बना सकते हैं।
टीम में सबसे ज्यादा आकर्षण वैभव सूर्यवंशी को लेकर है। महज 15 साल की उम्र में IPL में अपनी बल्लेबाजी से तहलका मचा चुके वैभव ने 2026 में 16 IPL मैचों में 776 रन बनाए। उनका स्ट्राइक रेट 237.30 रहा और उन्होंने 72 छक्के लगाए।
T20I में भी वैभव ने जिम्बाब्वे के खिलाफ तीन मैचों में 151 रन बनाकर अपनी क्षमता का परिचय दिया। उनका स्ट्राइक रेट 196.10 रहा। वैसे टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में वैभव सूर्यवशीं ने कुल 6 मैच में 193 रन बनाए हैं। उनका स्ट्राइक रेट 189.21 रहा, जिनमें 2 अर्धशतक भी शामिल हैं। हालांकि एशियन गेम्स से पहले जापान के खिलाफ पांच ओवर के मुकाबले में उन्हें प्लेइंग-11 में जगह नहीं मिली। ऐसे में एशियन गेम्स क्वार्टर फाइनल में उन्हें भारतीय टीम की प्लेइंग-11 में जगह मिलेगी या नहीं, इस पर नजर बनी रहेगी।
मध्यक्रम में तिलक वर्मा और शिवम दुबे टीम को पावर हिटिंग के साथ स्थिरता देते हैं। तिलक ने 2026 में 23 T20I में 483 रन बनाए हैं और उनका स्ट्राइक रेट 142.89 रहा है।
शिवम दुबे ने 27 T20I में 502 रन बनाए हैं और उनका स्ट्राइक रेट 170.16 रहा। उनकी खासियत यह है कि जरूरत पड़ने पर वह गेंदबाजी भी कर सकते हैं। यानी अगर टीम अतिरिक्त बल्लेबाज के साथ उतरती है तो दुबे छठे गेंदबाज की भूमिका निभा सकते हैं।
अक्षर पटेल और वॉशिंगटन सुंदर टीम को ऑलराउंड संतुलन देते हैं। अक्षर ने 2026 में 20 T20I में 23 विकेट लिए हैं। उनकी इकॉनमी 8.41 रही है। वहीं सुंदर ऑफ स्पिन के साथ निचले क्रम में उपयोगी बल्लेबाजी कर सकते हैं।
जापान के खिलाफ मुकाबले में सुंदर ने दो ओवर में 13 रन देकर दो विकेट लिए। यह प्रदर्शन बताता है कि छोटे प्रारूप में वह कप्तान के लिए कितने उपयोगी विकल्प हो सकते हैं। वहीं यदि 2026 के टी-20 इंटरनेशनल मुकाबलों की बात करें तो उन्होंने अब तक कुल 5 मैच खेले हैं, जिसमें कुल 10 ओवर बॉलिंग की और 10.40 की इकॉनमी से 2 विकेट चटकाए।
स्पिन विभाग में भारत के पास अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई और विपराज निगम हैं। बिश्नोई लेग स्पिन के जरिए बीच के ओवरों में विकेट निकालने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने 2026 में 10 T20I में 10 विकेट लिए हैं और उनकी इकॉनमी 8.17 रही है।
वहीं विपराज निगम को वरुण चक्रवर्ती के चोटिल होने के बाद टीम में शामिल किया गया है। उनके पास अभी ज्यादा अंतरराष्ट्रीय अनुभव नहीं है, लेकिन घरेलू T20 में 33 मैचों में 34 विकेट उनके नाम हैं। ऐसे में वह टीम के लिए एक नया और उपयोगी विकल्प हो सकते हैं।
तेज गेंदबाजी में सबसे बड़ा नाम जसप्रीत बुमराह का है। 2026 में उन्होंने 15 T20I में 21 विकेट लिए हैं और उनकी इकॉनमी 7.22 रही है। नई गेंद हो या डेथ ओवर, बुमराह टीम को विकेट और नियंत्रण, दोनों देने की क्षमता रखते हैं।
उनके साथ अर्शदीप सिंह हैं। बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप ने 2026 में 22 T20I में 8.85 की इकॉनमी से 30 विकेट लिए हैं। उनकी मौजूदगी भारतीय तेज गेंदबाजी आक्रमण में विविधता लाती है।
यश ठाकुर तीसरे तेज गेंदबाज का विकल्प हैं। उन्होंने 2026 में 4 T20I मैच में चार विकेट लिए हैं। घरेलू T20 में भी उनका रिकॉर्ड प्रभावशाली है। उन्होंने 78 घरेलू टी-20 मैचों में 8.20 की इकॉनमी से कुल 115 विकेट लिए हैं।
भारत ने एशियन गेम्स से पहले जापान के खिलाफ पांच ओवर के मुकाबले में दो रन से जीत दर्ज की। बारिश के कारण मैच छोटा हुआ था, इसलिए इससे टीम के पूरे संतुलन का आकलन करना मुश्किल है। भारत का असली इम्तिहान 28 सितंबर से क्वार्टर फाइनल में होगा।
भारतीय क्रिकेट टीम की खासियत यही है कि इसमें एक ही भूमिका के लिए कई विकल्प हैं। टॉप ऑर्डर में आक्रामक बल्लेबाजों की भरमार है, मध्यक्रम में पावर हिटर हैं, ऑलराउंडर बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में गहराई देते हैं। गेंदबाजी में स्पिन और तेज गेंदबाजी के अलग-अलग विकल्प मौजूद हैं।
बुमराह का अनुभव और वैभव की युवा ऊर्जा, इन दोनों छोरों के बीच खड़ी यह टीम भारत के टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट के वर्तमान और भविष्य को एक साथ दिखाती है। अब देखना होगा कि एशियन गेम्स के दबाव में यह कॉम्बिनेशन मैदान पर कितना असरदार साबित होता है।