
Surajpur Elephant News: छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के छतरपुर गांव में हाथी के रिहायशी इलाके में पहुंचने से लोगों में दहशत फैल गई। हाथी घरों के आसपास घूमता नजर आया। इसी दौरान एक ग्रामीण जैसे ही घर से बाहर निकला, उसका सामना अचानक हाथी से हो गया। ग्रामीण की नजर समय रहते हाथी पर पड़ गई और वह तुरंत पीछे मुड़कर घर की ओर दौड़ पड़ा। इस दौरान हाथी भी उसकी तरफ बढ़ता दिखाई दिया। ग्रामीण ने किसी तरह सुरक्षित दूरी बनाकर अपनी जान बचाई। पूरी घटना घर के बाहर लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
सामने आए CCTV फुटेज में देखा जा सकता है कि एक व्यक्ति अपने घर से बाहर निकलकर कुछ दूरी तक आगे बढ़ता है। तभी उसकी नजर सामने खड़े हाथी पर पड़ती है। हाथी को इतनी नजदीक देखकर ग्रामीण घबरा जाता है और तत्काल पीछे की ओर भागने लगता है।
वीडियो में ग्रामीण तेजी से अपने घर की तरफ दौड़ता नजर आ रहा है। इसी दौरान हाथी भी उसकी दिशा में आगे बढ़ता दिखाई देता है। दोनों के बीच दूरी काफी कम होने के कारण कुछ पल के लिए स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो जाती है। हालांकि ग्रामीण समय रहते घर की ओर पहुंच जाता है और बड़ा हादसा टल जाता है।
हाथी के आबादी वाले इलाके और घरों के बेहद करीब पहुंचने के बाद छतरपुर गांव के लोगों में डर का माहौल है। ग्रामीण खासकर रात के समय घर से बाहर निकलने में सावधानी बरत रहे हैं। लोगों को आशंका है कि अंधेरे में अचानक हाथी के सामने आने से गंभीर हादसा हो सकता है। CCTV फुटेज सामने आने के बाद ग्रामीणों के बीच भी इस घटना की चर्चा हो रही है। वीडियो में हाथी को घरों के आसपास घूमते हुए देखा जा सकता है।
ग्रामीणों का कहना है कि रिहायशी इलाके में हाथी की मौजूदगी को देखते हुए गांव और आसपास के क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाई जानी चाहिए। ग्रामीणों ने हाथी की मौजूदगी की जानकारी वन विभाग को दिए जाने की बात कही है। लोगों का कहना है कि जब तक हाथी आबादी क्षेत्र के आसपास मौजूद है, तब तक निगरानी और लोगों को सतर्क करने की जरूरत है, ताकि किसी अन्य ग्रामीण का अचानक हाथी से सामना न हो।
छतरपुर गांव की इस घटना में सबसे राहत की बात यह रही कि ग्रामीण की नजर समय रहते हाथी पर पड़ गई। इसके बाद उसने बिना देर किए घर की ओर दौड़ लगा दी। यदि ग्रामीण को हाथी दिखाई देने में कुछ सेकंड की भी देरी होती, तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। फिलहाल हाथी की मौजूदगी को लेकर ग्रामीण सतर्क हैं और वन विभाग से सुरक्षा एवं निगरानी की मांग कर रहे हैं।