Anita Kanwal Emotional Interview: दिग्गज अभिनेत्री अनीता कंवल ने हाल ही में इंटरव्यू में अपना दर्द बयां किया है। उन्होंने बताया है कि वो आज ऑडिशन्स देने को मजबूर हैं।
Anita Kanwal Emotional Interview: टीवी इंडस्ट्री की दुनिया बाहर से जितनी चमकदार नजर आती है, उसके पीछे संघर्ष की उतनी ही लंबी कहानी छिपी होती है। खासकर उन कलाकारों के लिए जिन्होंने दशकों तक अपने अभिनय से दर्शकों का मनोरंजन किया, लेकिन समय बदलने के साथ इंडस्ट्री ने उन्हें धीरे-धीरे भुला दिया।
ऐसी ही कहानी है टीवी की जानी-मानी वरिष्ठ अभिनेत्री अनीता कंवल की, जिन्होंने करीब 40 साल तक छोटे पर्दे पर राज किया, लेकिन आज वही अभिनेत्री काम पाने के लिए ऑडिशन दर ऑडिशन देने को मजबूर हैं।
‘सोन परी’, ‘ससुराल गेंदा फूल’ और कई लोकप्रिय धारावाहिकों में अपनी दमदार एक्टिंग से पहचान बनाने वाली अनीता कंवल ने हाल ही में एक इंटरव्यू में अपना दर्द बयां किया। उन्होंने बताया कि एक समय ऐसा था जब उनके पास काम की कोई कमी नहीं थी। वो एक साथ कई शोज की शूटिंग किया करती थीं और हर बड़े प्रोड्यूसर-डायरेक्टर की पहली पसंद हुआ करती थीं। लेकिन आज हालात इतने बदल चुके हैं कि उन्हें हर छोटे-बड़े रोल के लिए ऑडिशन देना पड़ रहा है।
अनीता ने सिद्धार्थ कनन के साथ बातचीत करते हुए बताया कि जब वो ऑडिशन देने पहुंचती हैं तो कई बार उन्हें अपना परिचय तक देना पड़ता है। ये बात उन्हें अंदर तक तोड़ देती है। उन्होंने भावुक होकर कहा कि उन्होंने उस दौर में काम शुरू किया था जब आज के कई कास्टिंग लोग पैदा भी नहीं हुए थे। इसके बावजूद उन्हें खुद को साबित करना पड़ रहा है। यही बात उन्हें सबसे ज्यादा तकलीफ देती है।
एक्ट्रेस ने इस दौरान इंडस्ट्री के बदलते ट्रेंड पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि आजकल सोशल मीडिया फॉलोअर्स और इंस्टाग्राम की लोकप्रियता को टैलेंट से ज्यादा महत्व दिया जा रहा है। उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि जिन कलाकारों ने पूरी जिंदगी अभिनय को समर्पित कर दी, आज उन्हें नजरअंदाज किया जा रहा है, जबकि सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स को बड़े मौके आसानी से मिल जाते हैं। उन्होंने कहा, 'कपड़े उतारकर तो आज कोई भी फेमस हो जाता है।'
बातचीत के दौरान अनीता कंवल कई बार भावुक भी हो गईं। उन्होंने स्वीकार किया कि लगातार काम न मिलने की वजह से वो मानसिक रूप से काफी परेशान हो चुकी हैं। कभी-कभी उन्हें लगता है कि अब इस दुनिया में उनके लिए कुछ बचा ही नहीं है। हालांकि उन्होंने ये भी कहा कि वो जीना चाहती हैं, काम करना चाहती हैं और अपने हुनर से लोगों का मनोरंजन करना चाहती हैं, लेकिन इंडस्ट्री का बदला रवैया उन्हें अंदर से तोड़ देता है। अनीता ने तो यहां तक कहा किया उनका मन कभी कभी करता है कि वो खुद को खत्म कर लें।
अनीता ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए कहा कि उन्होंने अपने परिवार और निजी जिंदगी की परवाह किए बिना इंडस्ट्री को हमेशा प्राथमिकता दी। यहां तक कि मुश्किल हालातों में भी उन्होंने शूटिंग जारी रखी। लेकिन आज जब उन्हें काम नहीं मिल रहा, तो उन्हें लगता है कि शायद इंडस्ट्री ने उन्हें भुला दिया है।