वाराणसी

तेज प्रताप यादव की BMW कार से आटो की हुई टक्कर, चालक ने मांगा इतना हर्जाना

कार में मौजूद नहीं थे पूर्व स्वास्थ्य मंत्री, मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने लायी

2 min read
Nov 14, 2019
Tej Pratap Yadav car
Tej Pratap Yadav car

वाराणसी. बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बेटे व पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेज प्रताप यादव की कार गुरुवार की सुबह आटो से टकरा कर दुर्घटनाग्रस्त हो गयी। पूर्व मंत्री के वाहन चालक ने ऑटो डाइवर को पकड़ लिया और उसे 180000 रुपये हर्जाना मांग लिया। ऑटो चलाक ने इतना पैसे देने से मना कर दिया। इसके बाद चालक से मारपीट की गयी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्ष को थाने लेकर आयी।
यह भी पढ़े:-बसपा सांसद अतुल राय की गैंगस्टर व डबल मर्डर केस में कोर्ट में हुई पेशी

IMAGE CREDIT: Patrika

तेज प्रताप यादव इन दिनों वृंदावन में है। राजद नेता को लेने के लिए बिहार से उनकी बीएमडब्ल्यू कार जा रही थी। कार में चालक के अतिरिक्त उनके पीए बैठे हुए थे। तेज बहादुर यादव की कार के साथ दो अन्य चार पहिया वाहन स्कोर्ट में चल रही थी। बीएमडब्ल्यू अभी बनारस के रोहनिया थाना के करनाडाडी से गुजर रही थी कि कार से ऑटो को पीछे से टक्कर मार दी। इसके बाद वाहन सवार लोगों ने ऑटो चालक को पकड़ लिया और 180000 रुपयो हर्जाना मांगने लगे। ऑटो चालक ने इतने पैसे देने में असमर्थता जता दी। आरोप है कि स्कॉर्ट में शािमल लोगों ने ऑटो चालक से मारपीट की और उसे अपने वाहन में बैठा लिया। दुर्घटना स्थल पर हंगामा होते हुए देख कर लोगों की भीड़ जमा हो गयी थी। वीवीआईपी व्यक्ति के कार के दुर्घटनाग्रस्त होने व हंगामा की जानकारी मिलते ही पुलिस वहां पर पहुंच गयी। इसी बीच तेज बहादुर यादव ने अपने पीए को फोन किया और इस मामले को लेकर थाने नहीं जाने को कहा। पुलिस ने मौके पर ही दोनों पक्षों में समझौता कराने का प्रयास किया था लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद पुलिस दोनों पक्ष को थाने में लेकर चली गयी।
यह भी पढ़े:-पीएम नरेन्द्र मोदी ने इंस्टाग्राम पर डाली बनारस की 90 साल पुरानी तस्वीर

Published on:
14 Nov 2019 11:43 am
Also Read
View All
गाजीपुर में विनीत राय हत्याकांड के आरोपियों पर 50-50 हजार का इनाम, परिवार बोला- नहीं होगा एनकाउंटर तो हमारी जान को भी खतरा

दलित किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म, पुलिस पर थाने में पीड़िता पर दबाव बनाने की कोशिश, आज मजिस्ट्रेट के सामने होंगे बयान

वाराणसी कोर्ट का फैसला: चोरी के आरोपी की पुलिस कस्टडी में हुई थी मौत, 29 साल बाद 2 रिटायर्ड दारोगा और डॉक्टर को मिली सजा

चंद महीनों में कई सौ करोड़ का खेल! कई राज्यों में खड़ा किया सट्टेबाजों का बड़ा नेटवर्क, कौन है ‘मलिक’ जिसकी तलाश कर रही पुलिस

वाराणसी दालमंडी चौड़ीकरण: जिला प्रशासन ने मस्जिद कमेटियों को दिया प्रस्ताव, एक सप्ताह में देना होगा जवाब