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नेपाल दोहरी मार में तबाह: एक ओर विद्रोह की आग, दूसरी ओर जापानी बुखार और डेंगू का कहर

Nepal Health and Political Crisis: नेपाल इस समय एक साथ दो गंभीर संकटों से जूझ रहा है—एक ओर सड़कों पर उग्र विद्रोह और दूसरी ओर जापानी बुखार, हैजा, डेंगू और रेबीज जैसी बीमारियां फैल रही हैं।

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Sep 10, 2025
नेपाल में हिंसा जारी है (Photo-IANS)

Nepal Health and Political Crisis: नेपाल इन दिनों भीषण संकट से गुजर रहा है। हालिया राजनीतिक विद्रोह में दो दर्जन से अधिक लोगों की जान जा चुकी (Nepal Health and Political Crisis) है, जबकि सरकारी और निजी संपत्तियों को करोड़ों का नुकसान हुआ है। राजधानी काठमांडू से लेकर ग्रामीण इलाकों तक प्रदर्शनकारियों ने सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाया, जिससे हालात और बिगड़ गए हैं। जहां एक तरफ राजनीतिक अस्थिरता ने देश को जकड़ रखा है, वहीं दूसरी ओर संक्रामक बीमारियाँ (Nepal health crisis 2025) तेजी से फैल रही हैं। नेपाल के 36 जिलों में जापानी इंसेफलाइटिस का संक्रमण (Japanese encephalitis Nepal)फैला है। इस जानलेवा बीमारी से अब तक 23 लोगों की मौत हो चुकी है। मेडिकल विशेषज्ञों का कहना है कि इस बीमारी में अगर समय पर इलाज न हो तो हर तीसरा मरीज जान गंवा सकता है। जो बच जाते हैं, उनमें से अधिकतर को मानसिक और न्यूरोलॉजिकल समस्याएं होती हैं।

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हैजा (कोलेरा) ने बढ़ाया डर

नेपाल के एक प्रमुख जिले में 850 से अधिक मरीज हैजा से पीड़ित होकर अस्पतालों में भर्ती हुए हैं। दूषित पानी और खराब सफाई व्यवस्था इसका बड़ा कारण मानी जा रही है। राहत की बात यह है कि सरकार ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया है, लेकिन दवाओं और डॉक्टरों की भारी कमी बनी हुई है।

रेबीज का कहर और वैक्सीन की किल्लत

नेपाल में कुत्तों के काटने से होने वाली बीमारी रेबीज भी चिंता का विषय बनी हुई है। लोगों को एंटी-रेबीज इंजेक्शन नहीं मिल पा रहे हैं, जिससे कई जिलों में स्थिति गंभीर बनी हुई है।

डेंगू के मामले 3000 पार

बारिश के मौसम में डेंगू ने भी पांव पसार लिए हैं। अब तक करीब 3,000 लोग डेंगू की चपेट में आ चुके हैं। कई अस्पतालों में बेड और प्लेटलेट्स की कमी देखी जा रही है।

लाइफ स्टाइल बीमारियाँ भी बन रहीं जानलेवा

संक्रमण के साथ-साथ डायबिटीज, हाई बीपी और तनाव जैसी बीमारियाँ भी तेजी से बढ़ रही हैं। खराब खानपान, बेरोजगारी और अव्यवस्थित जीवनशैली इसकी वजह है।

नेपाल को चाहिए स्थिरता और स्वास्थ्य सुरक्षा

बहरहाल राजनीतिक विद्रोह और संक्रमण की दोहरी मार ने नेपाल को एक गहरे संकट में डाल दिया है। सरकार को अब सिर्फ शांति बहाल करने की नहीं, बल्कि स्वास्थ्य आपातकाल जैसे कदम उठाने की ज़रूरत है।

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