
Russia Ukraine War Update: रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध में एक बार फिर हवाई मोर्चे पर तनाव बढ़ गया है। कुछ दिन पहले यूक्रेन ने लंबी दूरी की FP-5 फ्लेमिंगो क्रूज मिसाइल से रूस के वोल्गोग्राड स्थित सैन्य संयंत्र 'टाइटन बैरिकेड्स प्लांट' पर हमला किया था। अब रूस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए यूक्रेन के लड़ाकू विमानों को निशाना बनाने की बात कही है। इसी बीच यूक्रेनी वायुसेना ने भी अपने एक MiG-29 लड़ाकू विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने की पुष्टि की है।
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने वीडियो जारी कर पुष्टि की थी कि यूक्रेन की लंबी दूरी की FP-5 फ्लेमिंगो क्रूज मिसाइलों ने रूस के वोल्गोग्राड स्थित 'टाइटन बैरिकेड्स प्लांट' को निशाना बनाया। यूक्रेन के अनुसार, इस सैन्य संयंत्र में यार्स, टोपोल-एम और इस्कंदर जैसी बैलिस्टिक मिसाइलों के लिए लॉन्च सिस्टम और अहम उपकरण तैयार किए जाते हैं।
रूसी सैन्य सूत्रों के मुताबिक, जवाबी कार्रवाई में मायकोलाइव क्षेत्र के वोजनेसेंस्क एयरफील्ड पर ड्रोन हमले के जरिए यूक्रेन का एक MiG-29 लड़ाकू विमान नष्ट कर दिया गया। रूस का यह भी दावा है कि ईंधन भरते समय एक अन्य MiG-29 को भी निशाना बनाया गया।
इसी बीच यूक्रेनी वायुसेना ने पुष्टि की कि 27 जून की रात पोल्टावा क्षेत्र में एक कॉम्बैट मिशन के दौरान उसका एक MiG-29 लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे के दौरान पायलट ने समय रहते इजेक्ट कर अपनी जान बचा ली।
वायुसेना के मुताबिक, पायलट ने दुर्घटना के तुरंत बाद सर्च एंड रेस्क्यू टीम से संपर्क किया। बचाव दल ने उसे सुरक्षित निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया। उसकी हालत खतरे से बाहर बताई गई है।
यूक्रेनी वायुसेना ने फिलहाल यह स्पष्ट नहीं किया है कि पोल्टावा में हुआ विमान हादसा तकनीकी खराबी की वजह से हुआ या फिर किसी हमले का परिणाम था। घटना के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। दूसरी तरफ रूस लगातार दावा कर रहा है कि उसने यूक्रेन की वायुसेना को भारी नुकसान पहुंचाया है।
रूस और यूक्रेन दोनों ही हाल के दिनों में एक-दूसरे के सैन्य ठिकानों, एयरबेस और रक्षा प्रतिष्ठानों को लगातार निशाना बना रहे हैं। विश्लेषकों का मानना है कि हवाई हमलों की बढ़ती संख्या इस बात का संकेत है कि दोनों पक्ष अब एक-दूसरे की सैन्य क्षमता को कमजोर करने पर ज्यादा जोर दे रहे हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में हवाई मोर्चे पर संघर्ष और तेज होने की आशंका जताई जा रही है।