26 अगस्त 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

‘मुझे जानते नहीं हो, तुम्हारी वर्दी उतरवा दूंगी…’, कभी IAS तो कभी CBI बनकर घूमती थी तृप्ति सिंह, भोपाल के बिल्डर से की थी शादी

Fake IAS Tripti Singh Case: फर्जी IAS बनकर युवाओं से लाखों की ठगी करने वाली तृप्ति सिंह के मामले में नया खुलासा हुआ है। पुलिस को उसके पास से CBI का फर्जी आईडी कार्ड मिला।
3 min read
Google source verification
Ashoknagar Fake IAS Tripti Singh Case

Fake IAS Tripti Singh Case: चंदेरी पुलिस ने फर्जी आईएएस फ्रॉड मामले में मास्टरमाइंड तृप्ति सिंह और भाई सुधांशु को किया गिरफ्तार (फोटो सोर्स- Patrika)

Ashoknagar Fake IAS Tripti Singh Case: अशोकनगर जिले के चंदेरी में चार बेरोजगार युवाओं से मानव संसाधन विभाग में नौकरी दिलाने के नाम पर 9.80 लाख रुपए की ठगी करने वाली फर्जी आइएएस तृप्ति सिंह (Fake IAS Tripti Singh) को लेकर रोज नए तथ्य सामने आ रहे है। 40 लाख रुपए की लग्जरी कार में घूमने वाली इस ठग मैडम के पास से पुलिस ने सीबीआई का नकली आइडी कार्ड बरामद किया है। मैडम का रसूख ऐसे थे कि गिरफ्तारी के वक्त उसने चंदेरी पुलिस को ही हड़काते हुए कह दिया तुम मुझे जानते नहीं हो, तुम्हारी वर्दी उतरवा दूंगी।

मास्टरमाइंड तृप्ति सिंह लोगों को झांसे में लेने के लिए लगातार अपने ओहदे बदलती थी। कभी वह खुद को टूरिज्म विभाग की एडिशनल डायरेक्टर बताती, तो कभी मानव संसाधन विकास मंत्रालय की हेड। हद तो तब हो गई जब तलाशी के दौरान पुलिस को उसके पास से सीबीआई का एक नकली पहचान पत्र मिला, जिस पर बकायदा उसी की फोटो और नाम दर्ज था। वहीं पुलिसिया कार्रवाई से बचने के लिए उसका भाई सुधांशु सिंह खुद को पत्रकार बताता था।

भोपाल पहुंची पुलिस, खंगाले ससुराल और मायके के ठिकाने

शिकायत के बाद चंदेरी पुलिस ने भोपाल निवासी तृप्ति सिंह पुत्री सुनील सिंह राजपूत, उसके भाई सुधांशु, अंजलि सिंह और तनुज वैश्य पर एफआईआर दर्ज कर 23 अगस्त को चंदेरी की किला कोठी से भाई-बहन को गिरफ्त्तार कर लिया था। पुलिस एक दिन की रिमांड के बाद अवधि बढ़‌वाकर मंगलवार को दोनों आरोपियों को लेकर भोपाल पहुंची। पुलिस टीम ने तृप्ति के पिता के घर और ससुराल में दबिश देकर कई अहम दस्तावेज और सबूत जब्त किए हैं। अब पुलिस इस बात की गहराई से जांच कर रही है कि नकली अधिकारी बनकर या सीबीआई कार्ड का धौंस दिखाकर इन ठगों ने और कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।

आइएएस में सिलेक्शन का झांसा देकर की थी शादी

पुलिस जांच में सामने आया है कि तृप्ति का पति भोपाल का एक बड़ा बिल्डर है। चर्चा है कि शातिर दिमाग तृप्ति ने पांच साल पहले उसने झूठ बताकर शादी की थी। चर्चा है कि उसने शादी से पहले पति से कहा था कि वह यूपीएससी की तैयारी कर रही है और उसका आइएएस में सिलेक्शन हो गया है। जब पति को इस बड़े झूठ की भनक लगी, तो दोनों के रिश्तों में खटास आ गई। हालांकि पुलिस ने अभी इस बात की पुष्टि न होने की बात कही है।

जब्त दस्तावेज सामने ला सकते है नए तथ्य

भौपाल में मास्टरमाइंड के ससुराल और उसके पिता के घर पर दी गई दबिश के दौरान मिले दस्तावेजो की पुलिस अब जांच करेगी। इससे चर्चा है कि इससे अब कई और नए तथ्य सामने आने की संभावना है। हालांकि पुलिस ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि वहां से पुलिस को क्या-क्या मिला है।

यह भी खास

गिरोह के दो अन्य सदस्य अंजलिसिंह और तनुज वैश्य अभी पुलिस गिरफ्त से दूर हैं, जिनकी तलाश में पुलिस जुटी हुई है।

गिरोह के यह दोनों सदस्य भी क्या खुद को कोई अधिकारी बताते थे और ठगी में इनकी क्या भूमिका थी. अभी यह स्पष्ट नहीं हो सका।

इन दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद इनके पत्ते खुलेंगे, हालांकि अभी मामले की जांच की बात कह रही है।

रक्षाबंधन का त्योहार आ गया है और भोपाल से लौटने के बाद नकली आइएएस बहन व उसका भाई अब जेल में रक्षाबंधन मनाएंगे।

एसपी ने कहा ये…

नकली आइएएस बनकर आई आरोपियों को रिमांड पर लेकर पुलिस टीम भोपाल गई है। वहां से कुछ अहम दस्तावेज बरामद करना है। कुछ ऐसे भी क्लू मिले हैं जिनकी जांच की जाएगी। आरोपी के पास से सीबीआई का नकली कार्ड निकला है, जिस पर उसका स्वयं का फोटो और नाम है, उसके संबंध में भी विवेचना की जा रही है कि इसका कोई गलत इस्तेमाल तो नहीं हुआ। आइएएस बताकर शादी करने वाली बात सामने आई है. लेकिन यह पुष्ट रूप से नहीं कहा जा सकता है।