
Pakistan election
इस्लामाबाद। पाकिस्तान में 25 जुलाई को होने वाले आम चुनाव में सभी दलों ने पूरी ताकत झोंक दी है। पाकिस्तान में बनने वाली अगली सरकार किसकी होगी और कैसी होगी, इसे लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। पाकिस्तान के सत्ता के लिए होने वाले इस त्रिकोणीय संघर्ष में कड़ा मुक़ाबला पकिस्तान मुस्लिम लीग नवाज, पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी और तहरीक-ए-इंसाफ के बीच है। अब तक इन चुनावों में इमरान खान और उनके पार्टी का दावा मजबूत बताया जा रहा है। इमरान खान की पार्टी तहरीक-ए-इंसाफ़ इन चुनावों में लोगों की पहली पसंद बताई जा रही है।
इमरान खान का दावा
मीडिया से बातचीत में इमरान खान ने खुद को आतंकियों की हिट लिस्ट में सबसे ऊपर बताया। उन्होंने दावा किया कि उन्हें चुनाव में प्रचार नहीं करने दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार आतंकियों का डर दिखाकर उन्हें चुनाव से दूर रखना चाहती है। ये केवल उनकी पार्टी को कमजोर करने की साजिश है। उन्होंने कहा कि मुझे पहले भी धमकियां मिल रही थीं और अभी भी मिल रही हैं लेकिन इससे मेरे चुनाव या पार्टी कीविश्वसनीयता पर कोई फर्क नहीं पड़ता।
बुर्के में प्रचार कर रहे हैं बाकी पार्टियां
इमरान खान ने कहा कि चुनाव में प्रचार न करने से तहरीक को फर्क पड़ता है। क्योंकि बाकी पार्टियां चुनाव प्रचार ही नहीं कर रहीं, वो बुर्के डालकर घर के अंदर जलसे कर रही हैं। उन्होंने कहा कि तहरीक हे एक ऐसी पार्टी है जो जनता के बीच पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि चुनाव में जो बड़े पार्टियां हैं वो डरी हुई है क्योंकि उन्हें पता हैं कि तहरीक-ए-इंसाफ़ का ग्राफ़ ऊपर जा रहा है।
कोई नहीं है टक्कर में
इमरान खान का दावा है कि इन चुनावों में उनके टक्कर में कोई नहीं है। उन्होंने कहा कि कहा जनता की राय हमारे पक्ष में है।उन्होंने कहा कि मैच हारने से पहले ही शोर मचाना शुरू कर दिया है कि चुनाव ठीक से नहीं हो रहा है। इमरान का दावा है कि उनके टक्कर में कोई नहीं है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को इस वक़्त तहरीक की जरुरत है। उन्होंने दावा किया कि देश के मुश्किल वक्त में मजबूत सरकार की जरुरत है जो सिर्फ तहरीक ए इंसाफ दे सकती है।
गठबंधन से साफ इंकार
इमरान ने देश में गठबंधन सरकार की संभावना से इंकार करते हुए कहा कि तहरीक को स्पस्ट बहुत मिलेगा।उन्होंने कहा कि देश की अन्य पार्टियां भ्रष्टाचार में डूबी हुई हैं इसलिए उनके साथ कोई गठबंधन नहीं होगा। अगर ऐसी नौबत आई कि सरकार गठबंधन से ही बनेगी तो हम ना मुस्लिम लीग के साथ जाएंगे, ना ही पीपुल्स पार्टी के साथ। हम विपक्ष में बैठना पसंद करेंगे।
Updated on:
24 Jul 2018 10:49 am
Published on:
23 Jul 2018 03:19 pm
