9 जुलाई 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

राम मंदिर को दान की गई 200 किलो चांदी को लेकर उठे सवाल, जानें ट्रस्ट ने जवाब में क्या बताया?

Ram Mandir Donation Dispute Row: अयोध्या के राम मंदिर को वर्ष 2021 में दान की गई 200 किलो चांदी को लेकर उठे सवालों पर अब श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने आधिकारिक जवाब जारी कर दिया है।
2 min read
Google source verification
ram mandir donation

राम मंदिर (फाइल फोटो- पत्रिका)

Ram Mandir Donation Dispute Row: अयोध्या। अयोध्या के राम मंदिर को वर्ष 2021 में दान की गई 200 किलो चांदी को लेकर उठे सवालों पर अब श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने आधिकारिक जवाब जारी कर दिया है। ट्रस्ट ने कहा है कि दान में मिली पूरी चांदी का रिकॉर्ड सुरक्षित है और उसे नियमानुसार संरक्षित रखा गया है।

दरअसल, विश्व सिंधी सेवा संगम ने कुछ दिन पहले ट्रस्ट को एक पत्र भेजकर पूछा था कि 26 जनवरी 2021 को दान की गई 200 चांदी की ईंटों का क्या हुआ। संगठन का कहना था कि दान देने वाले लोगों को अब तक न तो इसकी आधिकारिक रसीद मिली है और न ही यह जानकारी दी गई कि मंदिर निर्माण या अन्य कार्यों में इस चांदी का इस्तेमाल कहां किया गया। इसी वजह से संगठन ने ट्रस्ट से पूरे मामले में स्पष्ट जानकारी मांगी थी।

ट्रस्ट ने जवाब में क्या बताया

ट्रस्ट ने अपने जवाब में बताया कि दान में मिली सभी 200 चांदी की ईंटों का विवरण ट्रस्ट के मूल्यवान धातु रजिस्टर में दर्ज है। ट्रस्ट के अनुसार, बाद में लिए गए एक निर्णय के तहत इन ईंटों के साथ अन्य उपलब्ध चांदी को भी पिघलाकर 99.99 प्रतिशत शुद्धता वाली 20-20 किलोग्राम की सिल्वर बार तैयार कराई गईं। ट्रस्ट का कहना है कि यह पूरी प्रक्रिया तय नियमों के अनुसार की गई।

अपने दावे के समर्थन में ट्रस्ट ने कुछ तस्वीरें भी साझा की हैं। इन तस्वीरों में चांदी का वजन, उसे पिघलाने की प्रक्रिया और तैयार की गई सिल्वर बार दिखाई गई हैं। ट्रस्ट ने बताया कि फिलहाल ये सिल्वर बार भारतीय स्टेट बैंक की अयोध्या शाखा के लॉकर में सुरक्षित रखी गई हैं। भविष्य में ट्रस्ट की आवश्यकताओं और मंदिर से जुड़े कार्यों में इनका उपयोग किया जाएगा।

ट्रस्ट ने विश्व सिंधी सेवा संगम से यह भी अनुरोध किया है कि वह सभी 200 दानदाताओं के नाम, पते, मोबाइल नंबर, पैन और ईमेल की जानकारी उपलब्ध कराए। ट्रस्ट का कहना है कि यह जानकारी मिलने के बाद प्रत्येक दानदाता के नाम से अलग-अलग आधिकारिक रसीद जारी की जाएगी।

रिकॉर्ड और तस्वीरें कीं जारी

इस तरह, दान में मिली 200 किलो चांदी को लेकर उठे सवालों पर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने दस्तावेजों, तस्वीरों और आधिकारिक जानकारी के साथ अपना पक्ष सार्वजनिक कर दिया है। अब इस मामले में ट्रस्ट का कहना है कि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से पूरी की गई और दान में मिली चांदी सुरक्षित रखी गई है।

फर्जी रसीदों का भी मिला सुराग

उधर, राम मंदिर चढ़ावा चोरी की जांच कर रही अयोध्या पुलिस को जांच के दौरान दान के बदले जारी की जाने वाली फर्जी रसीदें भी मिली हैं। प्रारंभिक जांच में माना जा रहा है कि आरोपित चढ़ावा चोरी के साथ-साथ ट्रस्ट के नाम पर श्रद्धालुओं से दान लेकर उन्हें फर्जी रसीदें भी जारी कर रहे थे। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस तरीके से कितनी राशि की अवैध उगाही की गई।

बड़ी खबरें

View All

अयोध्या

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग