
विधायक : पंचायतों के माध्यम से सभाओं के लिए क्यों बुलाते हैं भीड़, एसडीएम : लोग स्वेच्छा से जाना चाहते हैं इसलिए की जाती है व्यवस्था
बालोद. ग्राम लाटाबोड़ में शुक्रवार को आयोजित जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर में विधायक भैया राम सिन्हा ने मुख्यमंत्री की विकास यात्रा में शामिल होने वाली भीड़ पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा सरकार सिर्फ अधिकारियों, पंचायतों से भीड़ मांगकर कमल फूल का प्रचार कर रही है और सरपंच व जनता को हलकान कर रही है।
विधायक ने कहा गांव-गांव से भीड़ क्यों बुलाते हो?
विधायक भैयाराम ने एसडीएम और जनपद बालोद सीईओ से सवाल किया कि आखिर मुख्यमंत्री की सभा में भीड़ दिखाने के लिए ग्राम पंचायत सरपंचों को परेशान क्यों करते हो। गांव-गांव से भीड़ क्यों बुलाते हो? यही नहीं मुख्यमंत्री की सभा में केवल भीड़ ले जाने के लिए इतना खर्चा क्यों करते हैं?
भीड़ ले जाने की बात गलत
विधायक सिन्हा के इस सवाल का जवाब एसडीएम हरेश मंडावी ने यह दिया कि मुख्यमंत्री आते हैं, तो जनता को उनको देखने की उत्सुकता रहती है। लोग खुद सभा में जाना चाहते हैं तभी उनके लिए गाडिय़ों की व्यवस्था की जाती है। एसडीएम ने भीड़ ले जाने की बात को गलत बताया।
स्वास्थ्य विभाग की ली क्लास, कहा 6 माह में शिकायत पर कार्रवाई क्यों नहीं की?
इधर जनसमस्या निवारण शिविर में लाटाबोड़ की सरपंच मीना ठाकुर ने कहा कि पानी टंँकी के पास आहाता निर्माण करने की मांग किए हैं। पानी टंकी के पास बड़ी संख्या में दवाई फेंकी गई थी, जिसे किसने फेंका, पता नहीं। मामले में विधायक सिन्हा ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी से कहा इस गंभीर मामले को 6 माह हो गए हैं क्या कभी शिकायत पर जांच की गई? जिस पर विधायक सिन्हा ने तत्काल जांच कराने के निर्देश स्वास्थ्य अधिकारी को दिए।
विधायक ने कहा आखिर अधिकारी क्यों जनता को झूठा आश्वासन देते हैंं? एसडीएम बोले सुधारेंगे व्यवस्था
इस दौरान विधायक भैयाराम ने अधिकारी से फिर सवाल किया कि जिले में कई तरह की जनसमस्या निवारण शिविर चलाते हैं, पर कभी समस्या के आवेदनों में कमी नहीं आई। कई आवेदन तो पुन: आ रहे हैं। शिविर में अधिकारी तो लोगों को आश्वासन दे देते हंै कि एक सफ्ताह में काम हो जाएगा, पर जनता कई बार अपनी समस्या लेकर अधिकारियों के पास जाते हैं, पर भी उनकी परेशानियां दूर नहीं की जाती। विधायक ने कहा अधिकारी आखिर क्यों जनता को गुमराह करते हैं?
जिला स्तर के शिविर में नहीं पहुंचते जिला अधिकारी
इधर जिला पंचायत उपाध्यक्ष संजय चन्द्राकर ने कहा जिला स्तरीय जमस्मस्या निवारण शिविर में ब्लॉक स्तर के अधिकारी आते हैं, जबकि जिला स्तरीय शिविर में जिला स्तर के अधिकारियों को भी रहना चाहिए। इस बात पर एसडीएम ने कहा व्यवस्था सुधारी जाएगी।
कुर्सी रही खाली, नहीं जुटी भीड़
जिला स्तरीय आयोजन में जिला प्रशासन द्वारा तगड़ा प्रचार-प्रसार किया गया था। इसके लिए काफी खर्चे भी किए थे। इसके बावजूद लाटाबोड़ में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में भीड़ नहीं जूट पाई। कुर्सियां खाली रहीं। पूरे आयोजान में मात्र 95 आवेदन ही आए। शिविर में भीड़ नहीं होने का कारण तेज गर्मी को बताया रहा है। इस दौरान क्षेत्र की जनपद सदस्य लता देवी साहू, बिसंभर सिन्हा, देवेन्द्र साहू, पंचायत लाटाबोड़ की सरपंच मीणा ठाकुर आदि उपस्थित थे।
Published on:
26 May 2018 09:00 am
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