
NEET बालोद जिला मुख्यालय में नीट की परीक्षा में हुई गड़बड़ी के मामले में अब दोषियों पर कार्रवाई की मांग की जा रही है। कलेक्टर इंद्रजीत सिंह चंद्रवाल ने नीट सिटी कोऑर्डिनेटर बीएन योगी से इस पूरे मामले में कहां चूक हुई, इसकी जानकारी ली। उन्होंने लिखित में इस पूरे मामले की जानकारी दी है। कलेक्टर ने नीट दिल्ली की टीम से भी इस मामले पर बात की व पूरे मामले की जानकारी दी। कलेक्टर ने आगे की कार्रवाई के लिए अपर कलेक्टर चंद्रकांत कौशिक को आदेशित किया है। कौशिक ने कहा कि नीट कार्यालय दिल्ली को पत्राचार किया है।
नीट सिटी कोऑर्डिनेटर बीएन योगी ने बताया कि नीट की परीक्षा के लिए 22 अप्रैल को दिल्ली में प्रशिक्षण हुआ था। इस प्रशिक्षण में कई जानकारी दी गई। वहीं जब इस परीक्षा में गोपनीयता की बारे में सवाल पूछा गया तो नीट से जवाब मिला कि परीक्षा के दिन गाइडलाइन की जानकारी दी जाएगी। उन्होंने बताया परीक्षा के लिए दो प्रश्न-पत्र आए थे। एक स्टेट बैंक व दूसरा केनरा बैंक में सुरक्षित था। लेकिन परीक्षा में स्टेट बैंक में आए प्रश्न-पत्र का वितरण करना था। लेकिन यहां भूलवश केनरा बैंक में रखे प्रश्न-पत्र को लाकर बांट दिया गया। यह सब भूलवश हुआ। हमने अपनी गलती मानी है। यह जानबूझकर नहीं हुआ व हमने इसकी पूरी जानकारी कलेक्टर को दे दी है।
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जिले में पहली बार नीट की परीक्षा हुई, लेकिन नीट की परीक्षा में जो गाइडलाइन होती है, उसे आयोजक व प्रभारी भी समझ नहीं पाए और यह बड़ी चूक हो गई। वहीं परीक्षार्थियों का कहना है इस परीक्षा में गड़बड़ी होने में उनकी गलती नहीं है। ऐसे में इस परीक्षा को निरस्त कर नए सिरे से परीक्षा का आयोजन किया जाए या फिर बोनस अंक दिया जाए।
वहीं इस घटना के बाद राजनीति सरगर्मी बढ़ गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विधायक संगीता सिन्हा ने भी कलेक्टर से चर्चा की। वहीं भाजपा नेता देवलाल ठाकुर तथा चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष व भाजपा नेता राजू पटेल ने भी इस मामले में परीक्षार्थियों के पक्ष में फैसले लेने तथा दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की है।
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Published on:
06 May 2024 09:41 pm
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