
धमतरी. छत्तीसगढ़ सरकार ने पेंशन योजना बदलावार कर वर्ष 2002 की गरीबी रेखा सूची की बाध्यता को खत्म कर दी गई है। यानी अब नवीन पेंशन योजना के तहत एक कमरे वाले कच्चे मकानों, झोपडिय़ों में रहने वाले लोगों को भी इसका लाभ मिलेगा। इसके लिए घर-घर सर्वे किया जाएगा, जिसकी तैयारी समाज कल्याण विभाग में चल रही है।
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अब नहीं होगी ये बाध्यता
उल्लेखनीय है कि समाज कल्याण विभाग में सामाजिक सुरक्षा, वृद्धावस्था, सुखद सहारा, विधवा और दिव्यांग पेंशन योजना संचालित हैं। इस योजना का लाभ लेने लिए गरीबी रेखा की सूची में नाम होना अनिवार्य कर दिया गया था, जिसके चलते हजारों जरूरतमंद इससे लाभान्वित नहीं हो पा रहे थे। बुजुर्गों को पेंशन का लाभ लेने के लिए जीवन के अंतिम पड़ाव में शासकीय कार्यालयों का चक्कर काटना पड़ता था। इस साल लोक सुराज अभियान में पेंशन योजना से संबंधित 5186 आवेदन मिले थे, जिसमें से 4 हजार 82 को खरीबी रेखा सूची में नाम नहीं होने के कारण अपात्र घोषित कर दिया गया। अब शासन ने नियम में बदलाव कर नवीन पेंशन योजना शुरू की है। पात्रता के लिए सामाजिक आर्थिक जनगणना 2011 को आधार बनाया गया है।
इन्हें मिलेगा लाभ
समाज कल्याण विभाग से मिली जानकारी के अनुसार कच्चे मकान, झुग्गी झोपड़ी, भूमिहीन परिवार, विधवा, परित्यक्ता एवं ऐसे दिव्यांग जिसके परिवार में सक्षम शरीर वाले वयस्क सदस्य न हो, उनको नवीन पेंशन योजना का लाभ दिया जाएगा। जिले में ऐसे हजारों लोग हैं, जो इस कैटीगरी में आ रहे हैं।
देंगे घरों में दस्तक
नवीन पेंशन योजना का गाइड-लाइन समाज कल्याण विभाग में आ गया है। इस योजना से लाभान्वित करने के लिए पहले घर-घर सर्वे कराया जाएगा। सूची तैयार कर इसकी भौतिक सत्यापन करने के बाद शासन को भेज दिया जाएगा।
Published on:
21 Apr 2018 03:32 pm
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