26 अक्टूबर 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

किसी को खुश करने के लिए आयोजन नहीं

कन्नड़ एवं संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित टीपू जयंती समारोह
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

बैंगलोर

•

image

Rajendra Shekhar Vyas

•

Updated: 11 Nov 2018, 7:28 PM IST

tipu jayanti

किसी को खुश करने के लिए आयोजन नहीं

उद्घाटन कर बोले जल संसाधन व चिकित्सा शिक्षा मंत्री डीके शिवकुमार
केवल शांति भंग करने और राजनीतिक लाभ उठाने के लिए विरोध करते हैं भाजपा नेता
बेंगलूरु. जल संसाधन व चिकित्सा शिक्षा मंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि सरकार किसी को खुश करने के लिए टीपू जयंती नहीं मना रही है। किसी भी प्रदेश या देश के विकास के लिए हर समुदाय का सहयोग जरूरी है।
उन्होंने शनिवार को विधान सौधा के बेंक्वेट हॉल में कन्नड़ एवं संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित टीपू जयंती समारोह का उद्घाटन करते हुए कहा कि भाजपा जयंती का विरोध करने के बजाए केंद्र सरकार से इसके आयोजन पर प्रतिबंध लगाने का फरमान जारी कराएं। केंद्र सरकार फरमान जारी करे तो टीपू जयंती नहीं मनाई जाएगी। लेकिन भाजपा नेता केवल शांति भंग करने और राजनीतिक लाभ उठाने के लिए विरोध करते हैं।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने विधान मंडलकी 60वीं वर्षगांठ पर संयुक्त अधिवेशन को संबोधित करते समय अपने भाषण में टीपू सुल्तान की तारीफ की थी। सरकार या कांग्रेस टीपू जयंती मना कर कोई राजनीतिक लाभ नहीं उठाना चाहती। शिवकुमार ने कहा कि विपक्ष का ऐसा कोई नेता नहीं है जो पहले कभी टीपू जयंती समारोह में शामिल नहीं हुआ हो।
शिवकुमार ने कहा कि जब भाजपा सत्ता में थी तब बी एस येड्डियूरप्पा, जगदीश शेट्टर और आर अशोक टीपू जयंती मनाने की बात भूल गए हैं क्या। शिवकुमार ने राजनीति में धर्म होना चाहिए लेकिन धर्म का राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए। शिवकुमार ने कहा कि मंदिरों और हिंदू धर्म का पटेंट सिर्फ भाजपा के पास नहीं है लिहाजा उसे यह कहना बंद कर देना चाहिए कि टीपू जयंती का आयोजन किसी समुदाय को खुश करने के लिए किया जा रहा है।
शिवकुमार ने अपने चुनाव क्षेत्र कनकपुर और गृह जिले रामनगर से टीपू को जोड़ते हुए कहा कि रेशम और दूध टीपू की देन है। रामनगर की पहचान रेशम और दुग्ध उद्योग के कारण है और यह टीपू के कारण ही संभव हुआ। राज्य के औद्योगिकीकरण में टीपू का बड़ा योगदान और किसानों को इससे फायदा हुआ। इससे पहले कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने जब शिवकुमार के समर्थन में नारे लगाए और उन्हें टागइर बताया तो शिवकुमार ने कहा कि टाइगर एक ही था, वह था मैसूरु का टाइगर टीपू सुल्तान।
कन्नड़ एवं संस्कृति मंत्री डॉ. जयमाला ने कहा कि सरकार सिर्फ टीपू जयंती मना कर आने वाली पीढ़ी को इतिहास के बारे मेंं सही जानकारी देने का प्रयास कर रही है। उन्होने आरोप लगाया कि भाजपा लोगों के दिलों में नफरत का बीज बोने का प्रयास कर रही है।
हज व वक्फ मंत्री जमीर अहमद खान ने कन्नड़ व अंग्रेजी मिश्रित संबोधन में कहा कि भाजपा हिंदुओं और मुस्लिमों के बीच मतभेद पैदा करने की कोशिश कर रही है। खान के कहा कि बीएस येड्डियूरप्पा ने मुख्यमंत्री रहते टीपू जयंती मनाई थी तो अब इसका विरोध क्यों कर रहे हैं। पूर्व मंत्री आर रोशन बेग ने भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेस और जद-एस को टीपू जयंती मनाने के लिए भाजपा से अनुमति की आवश्यकता नहीं है। बेग ने कहा कि यदि हम दिल्ली की सत्ता में आएंगे तो कोशिश करेेंगे कि राष्ट्रीय राजधानी में भी टीपू जयंती मनाई जाए।
विधायक एन.ए.हैरिस, विधान परिषद सदस्य रिजवान अरशद, नसीर अहमद, अब्दुल जब्बार, मैसूरु ूविश्वविद्यालय के प्राध्यापक (इतिहास) डॉ. के.सदाशिव और सूचना एवं सार्वजनिक संपर्क विभाग के निदेशक एन. आर. विशुकुमार उपस्थित थे।

बड़ी खबरें

View All

बैंगलोर

कर्नाटक

ट्रेंडिंग