21 मई 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

CM भजनलाल शर्मा ने किसान के घर जमीन पर बैठकर खाया खाना, फिर खाट पर बैठ किसानों को दी बड़ी खुशखबरी

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बांसवाड़ा के चुड़ादा गांव में ग्रामीण गट्टूलाल यादव के घर जमीन पर बैठकर पत्तल-दोने में भोजन किया। उन्होंने ग्रामीणों से संवाद कर खेती, पशुपालन, बिजली-पानी और जैविक खेती को बढ़ावा देने की बात कही।

3 min read
Google source verification
CM Bhajanlal Sharma

बांसवाड़ा में गट्टूलाल यादव के घर जमीन पर बैठकर खाना खाते हुए सीएम भजनलाल शर्मा (फोटो-एक्स)

CM Bhajanlal Sharma: बांसवाड़ा: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा इन दिनों सीधे जनता के बीच पहुंचकर 'ग्राउंड कनेक्ट' मजबूत करने में जुटे हैं। उनके इस जन-संवाद अभियान का एक बेहद सादा और आत्मीय रूप बांसवाड़ा जिले के कुशलगढ़ क्षेत्र के चुड़ादा गांव में देखने को मिला। यहां आयोजित 'ग्राम विकास चौपाल' में हिस्सा लेने के बाद मुख्यमंत्री एक आम नागरिक की तरह गांव के ही निवासी गट्टूलाल यादव के घर भोजन करने पहुंचे।

वीआईपी कल्चर से दूर, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गट्टूलाल के परिवार के साथ जमीन पर बैठकर पत्तल-दोने में पारंपरिक भोजन किया। मुख्यमंत्री को बेहद सादगी के साथ दाल-चावल और एक विशेष मिक्स वेज परोसी गई, जिसमें आलू, ग्वार फली और मटर शामिल थे। इसके साथ ही भोजन के अंत में मौसमी आमरस का भी स्वाद लिया गया।

भोजन समाप्त करने के बाद सीएम शर्मा ने घर के बाहर बिछी खाट (चारपाई) पर बैठकर ग्रामीणों, महिलाओं और बुजुर्गों से मुलाकात की। उन्होंने बिल्कुल घरेलू अंदाज में ग्रामीणों से खेती-बाड़ी, पशुपालन, गांव के हालात और उनके परिवारों की आजीविका के बारे में आत्मीय बातचीत की।

सीएम भजनलाल शर्मा ने एक्स पर लिखा…

चुड़ादा ग्राम पंचायत में ‘ग्राम विकास चौपाल’ के पश्चात श्री गट्टुलाल जी के निवास पर ग्रामीण बंधुओं के साथ पारंपरिक एवं स्वादिष्ट भोजन का आनंद लिया, साथ ही वहां उपस्थित लोगों से वार्तालाप किया। ग्रामीण जीवन की यह सादगी, आत्मीयता और अपनापन सदैव मन को गहराई से छू जाता है। समस्त ग्रामीणों एवं परिवार के सदस्यों द्वारा दिए गए इस स्नेह, सम्मान और अपनेपन के लिए मैं हृदय से आभारी हूं। प्रदेशवासियों का यह असीम प्रेम एवं विश्वास ही मुझे निरंतर जनसेवा के संकल्प को साकार करने की प्रेरणा और शक्ति प्रदान करता है।

जैविक खेती और पारंपरिक तरीकों पर जोर

इससे पहले, 'ग्राम विकास चौपाल' में किसानों और पशुपालकों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने 'डबल इंजन' सरकार की प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा किसानों की आय बढ़ाकर उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है।

की ये बड़ी घोषणा

मुख्यमंत्री ने किसानों से रासायनिक खाद छोड़कर जैविक व प्राकृतिक खेती अपनाने की अपील की। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार बैलों के माध्यम से पारंपरिक व प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों को 30,000 की प्रोत्साहन राशि दे रही है। इसके साथ ही उन्होंने स्थानीय कृषि उत्पादों के संवर्द्धन के लिए प्रोसेसिंग यूनिट्स, ग्रीन हाउस और पॉली हाउस को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया।

2027 तक पूरे प्रदेश के किसानों को दिन में बिजली

ग्रामीणों को मूलभूत सुविधाएं देने के संकल्प को दोहराते हुए सीएम ने कहा कि सरकार पानी और बिजली के संकट को दूर करने के लिए युद्धस्तर पर काम कर रही है। सरकार के प्रमुख कदमों पर बात करते हुए उन्होंने कई योजनाओं का जिक्र किया।

  • रामजल सेतु लिंक परियोजना, यमुना जल समझौता, आईजीएनपी, गंगनहर सुदृढ़ीकरण, और माही, देवास व सोम-कमला-अंबा परियोजनाओं पर तेजी से काम चल रहा है।
  • वर्तमान में प्रदेश के 26 जिलों के किसानों को दिन में बिजली दी जा रही है।
  • सरकार का लक्ष्य है कि वर्ष 2027 तक पूरे राजस्थान में किसानों को दिन में बिजली मिलने लगे।
  • मुख्यमंत्री दुग्ध उत्पादक संबल योजना के तहत पशुपालकों को 5 प्रति लीटर का अनुदान दिया जा रहा है, जिससे राजस्थान दुग्ध उत्पादन में नए रिकॉर्ड बना रहा है।

युवाओं को रोजगार और नवाचार का मंत्र

मुख्यमंत्री ने युवाओं से खेती के क्षेत्र में नए प्रयोग और नवाचार करने का आह्वान किया। युवाओं को रोजगार का भरोसा देते हुए उन्होंने कहा कि सरकार पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के जरिए रोजगार देने के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार अपने 4 लाख भर्तियों के संकल्प की ओर तेजी से कदम बढ़ा रही है, जिसके तहत बड़ी संख्या में सरकारी नियुक्तियां प्रक्रियाधीन हैं।

कार्यक्रम के समापन पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों, किसानों, पशुपालकों और युवा उद्यमियों को चेक तथा सरकारी स्वीकृति पत्र सौंपे। इस दौरान लाभार्थियों ने भी मुख्यमंत्री के साथ मंच से अपने अनुभव साझा किए और जनहितैषी योजनाओं के लिए सरकार का आभार जताया।