
बांसवाड़ा : माही विस्थापितों का काबिज किसानों पर हमला, 150 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज
बांसवाड़ा. पालोदा/ लोहारिया. माही विस्थापितों ने उन्हें आवंटित जमीन खाली कराने के लिए मंगलवार शाम पालोदा कंजर बस्ती क्षेत्र में काबिज लोगों पर हमला बोल दिया। करीब डेढ़ सौ विस्थापित लामबंद होकर खेतों पर पहुंचे और वहां मौजूद व कार्य कर रहे लोगों पर गोफण, तीर-कमानों व धारदार हथियारों से हमला व पथराव शुरू कर दिया। इससे कुछ लोगों को चोटें भी आई। इस घटना को लेकर बुधवार को पीडि़त काबिज लोगों ने बैठक की और अपना विरोध जताया। एक जुट होकर पहुंचे माही विस्थापितों ने पालोदा की कंजर बस्ती, में एकाएक हमला व पथराव कर दिया। इन लोगों ने बकरियां चरा रहे ग्वालों को बंधक बना लिया और खेतों में ट्रैक्टर चला दिए। पौधों सहित खेतों की बाड़ भी जला दी। कंजर बस्ती के आस पास काबिज अन्य गांव के लोगों के खेतों में भी पहुंचे और लोगों पर हमला किया। बाद में इन गांवों के ग्रामीण भी लामबंद होकर पहुंचे और बंधकों को छुड़ाया।
डेेढ़ सौ लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज
लोहारिया थाना के कार्यवाहक थाना प्रभारी जवाहरलाल डामोर ने बताया कि कोटड़ा बड़ा के शंकर पुत्र लालू कीर ने 150 अज्ञात व्यक्तियों (माही विस्थापितों) के खिलाफ दर्ज कराया है। पीडि़त ने रिपोर्ट में बताया कि जमीन राजस्व रिकॉर्ड में उसके नाम से दर्ज है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। प्रभावित गांवों में पुलिस चौकसी बरत रही है। की सुरक्षा की मांग हमले की घटना के बाद प्रभावित गांवों के कब्जेदार किसानों ने सुरक्षा की मांग की है।
पीडि़तों ने दिया धरना
घटना के बाद बुधवार को पीडि़तों ने कंजर बस्ती के पास धरना दिया। उन्होंने पर्याप्त सुरक्षा नहीं मिलने पर प्रशासन को आंदोलन की चेतावनी दी। पीडि़त किसानों नाथूलाल निनामा, बापूलाल निनामा, छत्रपालसिंह, रसीद खान पठान, जशोदा देवी, भगती, गटूलाल चरपोटा, हूरमा कनिपा, देवेंद्रसिंह, भगवान पाटीदार, प्रभुलाल कीर आदि किसानों ने आरोप लगाया कि मंगलवार को पालोदा, कंजर बस्ती कोटड़ा छोटा, नडिय़ादा छोटा, बाई का गढ़ा, धुलजी का गढ़ा, थूरी बस्ती बरोडिय़ा आदि गांवों के स्थानीय कब्जेदार किसानों पर माही विस्थापितों ने हमला किया। आरोपियों ने जमीन खाली करने के लिए धमकाया।
Published on:
07 Jun 2018 03:21 pm
बड़ी खबरें
View Allबांसवाड़ा
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
