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PFI के खिलाफ बोलने पर बरेली के मौलाना को मिली जान से मारने की धमकी

बरेली के ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी को जान से मारने की धमकी दी गई है। मौलाना का आरोप है कि उन्हें एक युवक ने पीएफआई के खिलाफ बोलने पर धमकी दी है। जिसके बाद उन्होंने डीएम व एसएसपी को पत्र लिखकर सुरक्षा मांगी है।

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बरेली

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Jyoti Singh

Sep 30, 2022

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Maulana Shahabuddin razvi received death threats for speaking against PFI in Bareilly

पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) के खिलाफ प्रतिबंध लगाने की मांग करने वाले बरेली के ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी को जान से मारने की धमकी दी गई है। दरअसल, उन्होंने पीएफआई के खिलाफ कार्रवाई किए जाने का समर्थन करते हुए उसे बैन करने की मांग उठाई थी। जिसपर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई है। जिसके बाद मौलाना ने डीएम व एसएसपी को पत्र लिखकर सुरक्षा मांगी है। मौलाना के अनुसार गुरुवार दोपहर 3:42 बजे दिल्ली से एक टेलीफोन करने वाले युवक ने अपना नाम अब्दुस्समद निवासी शाहीन बाग बताया। मौलान ने आरोप लगाया है कि उस युवक ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी हैं।

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पीएफआई के विरुद्ध बोलने पर धमकी

मौलाना शहाबुद्दीन रजवी का आरोप है कि युवक ने उनसे कहा कि पीएफआई के विरुद्ध बोलना बंद कर दो वरना हम तुम्हारा वजूद खत्म कर देंगे। फोना पर धमकी मिलने से मौलाना घबरा गए और उन्होंने तुरंत जिलाधिकारी शिवाकांत द्विवेदी और एसएसपी अखिलेश चौरसिया को पत्र लिखकर सुरक्षा की मांग की। मौलना ने कहा कि वह इस समय लखनऊ में हैं। गुरुवार को उन्हें मोबाइल पर एक नंबर से कॉल आई जिसमें उन्हें आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई है।

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केंद्र ने पांच साल का लगाया बैन

गौरतलब है कि PFI और उसके आठ सहयोगी संगठनों पर देश विरोधी गतिविधियों के कारण UAPA के तहत पांच साल का प्रतिबंध लगाया गया है। ये प्रतिबंध केंद्र सरकार (Central Government) की तरफ से लगाया गया है। ये आठ संगठन रिहैब इंडिया फाउंडेशन, कैंपस फ्रंट ऑफ इंडिया, ऑल इंडिया इमाम काउंसिल, नेशनल कॉन्फेडरेशन ऑफ ह्यूमन राइट्स ऑर्गनाइजेशन, नेशनल विमेन फ्रंट जूनियर फ्रंट, एम्पावर इंडिया फाउंडेशन, रिहैब फाउंडेशन केरल और जूनियर फ्रंट हैं, जिनपर बैन लगाया गया है।