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Barmer: Balotra: लाखों की मशीनों का नहीं हो रहा उपयोग, कबाड़ बन रही

Barmer: Balotra: ई मित्र प्लस मशीनें धूल फांक रही

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Barmer: Balotra: रिपोर्ट- पवन आचार्य पाटोदी. राज्य सरकार की ओर से शुरू की गई ई मित्र प्लस मशीन विभागीय कार्यालयों व ग्राम पंचायत में शो पीस बन कर रह गई हैं। कई वर्ष बीतने के बावजूद लोग इन मशीनों का उपयोग नहीं कर पा रहे हैं। हालत यह है कि पिछले कई वर्षों से यह मशीन सरकारी कार्यालय में धूल फांक रही है । पत्रिका टीम ने पाटोदी में ई मित्र प्लस मशीनों का जायजा लिया तो यह सच सामने आया। ध्यान रहे कि इसी के साथ ग्रामीण इलाकों में सरकार की ओर से हर ग्राम पंचायत में एक-एक ई-मित्र प्लस कियोस्क मशीन रखवाई गई थी।
पत्रिका टीम को पता लगा कि ग्रामीण इलाकों में जागरूकता व इंटरनेट कनेक्टिविटी न होने के कारण मशीनों का उपयोग नहीं हो पा रहा है। वहीं कई लाखों रुपए की मशीन आज भी सरकारी कार्यालय व ग्राम पंचायत में धूल फांक रही है। किसी भी तरह से अधिकारियों के ग्रामीण व इनकी देखरेख नहीं करने के कारण सरकार को लाखों रुपए की चपत लग रही है।

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ये मिलती हैं सुविधाएं
जानकारी के अनुसार ई-मित्र प्लस मशीनों पर ई-मित्र से दी जाने वाली सुविधाएं मिलती हैं लेकिन इसके संचालन की जानकारी होनी जरूरी है । इस प्रकार सामाजिक सुरक्षा, योजना पालनहार योजना का सत्यापन सरकारी योजना का स्टेटस, बिजली व पानी के बिल जमा करने सहित सरकारी योजनाओं की जानकारी लेने के लिए इसका उपयोग किया जाता है, मगर सही देखरेख नहीं होने के कारण यह हाल है। इस प्रकार की योजनाएं ई मित्र प्लस मशीनों पर दम तोड़ती हुई नजर आती हैं। वहीं ई मित्र वालों के वहां ग्राहक पहुंचने पर वे अतिरिक्त शुल्क से कार्य करवाने के लिए मजबूर होते हैं।

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यहां लगी है ई-मित्र प्लस मशीनें
-पाटोदी पंचायत समिति मुख्यालय के 31 ग्राम पंचायत उप तहसील सहित कई महत्वपूर्ण स्थानों पर मशीनें पड़ी हैं।
-ई मित्र प्लस मशीनों की देखरेख हो और सही तरीके से संचालित हो तो लोगों को इसका फायदा मिल सकता है। वहीं सरकार की लाखों रुपए की लागत से लगाई ई मित्र प्लस मशीनों का भी उपयोग हो सकता है। - भोमाराम चांदोरा समाजसेवी चिलानाडी
-ई-मित्र प्लस की जो मशीनें ग्राम पंचायत में होती हैं, उन मशीनों की आईडी ग्राम पंचायत में बैठे ई मित्र संचालक से मेपिंग होती है, जहां मशीनें सही हैं, वहां पर ई मित्र संचालक को पाबंद कर रखा है। -प्रेमकुमार प्रजापत, प्रभारी अधिकारी सूचना प्रौद्योगिकी व संचार विभाग, पाटोदी।


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