
भाई ने की भाई की हत्या (Patrika symbolic image)
Barmer Murder: बाड़मेर जिले के नागाणा थाना क्षेत्र में साढ़े तीन साल पहले कपड़े दिलाने के बहाने महिला की हत्या करने के मामले में अदालत ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संख्या-2 बाड़मेर पीयूष चौधरी ने बुधवार को हत्या और लूट के इस मामले में आरोपी मेघाराम पुत्र दलाराम निवासी करणपुरा चौखला थाना नागाणा जिला बाड़मेर को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
बता दें कि न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास एवं 50,000 के अर्थदंड तथा धारा-392 के तहत 10 साल के कठोर कारावास और 20,000 अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर अतिरिक्त एक साल का कठोर कारावास भुगतना होगा।
अपर लोक अभियोजक सुरेशचंद्र मोदी ने बताया कि 13 अप्रैल 2022 को परिवादी भोमाराम ने थाना नागाणा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पत्नी कमला देवी (38 वर्ष) 10 अप्रैल को दवाई लाने बाड़मेर गई थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान संदिग्ध मेघाराम पुत्र दलाराम को दस्तयाब कर पूछताछ की गई। पूछताछ में उसने महिला की हत्या करना स्वीकार किया। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने सरहद बांदरा में बबूल की झाड़ियों के पास शव बरामद किया। उस वक्त शव कंकाल में बदल चुका था।
पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सुपुर्द किया गया। मामले की गहन जांच के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा चालान प्रस्तुत किया। अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में 23 गवाहों के बयान, 87 दस्तावेज और 16 आर्टिकल पेश किए गए। साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोनों अपराधों में दोषी मानते हुए सजा सुनाई।
पुलिस जांच में यह तथ्य भी सामने आया कि मृतका कमला देवी आरोपी और उसके परिवार की बदनामी कर रही थी। इसी रंजिश के चलते आरोपी ने महिला को ठिकाने लगाने की साजिश रची और कपड़े दिलाने के बहाने बुलाकर रास्ते में मौत के घाट उतार दिया। हत्या के बाद आरोपी जोधपुर मजदूरी पर चला गया था। प्रकरण में राज्य सरकार की ओर से पैरवी अपर लोक अभियोजक सुरेशचंद्र मोदी ने की।
जांच में सामने आया कि 10 अप्रैल 2022 को आरोपी मेघाराम, जो मृतका का रिश्ते में जेठूता (पति का चचेरा भाई) यानी महिला का देवर था, उसने कमला देवी को कपड़े दिलाने के बहाने बुलाया और बाइक पर बिठाकर बाड़मेर की ओर रवाना हुआ। रास्ते में उत्तरलाई-बांदरा रोड पर बातचीत करने के बहाने उसे बाइक से उतारा और झाड़ियों के बीच ले जाकर गला दबाकर हत्या कर दी।
इसके बाद शव को जंगल में फेंक दिया। पुलिस की जांच के दौरान नौ दिन बाद शव बरामद किया गया, जो कंकाल में तब्दील हो चुका था। बाद में आरोपी ने हत्या के बाद मृतका का मोबाइल फोन जोधपुर में बेच दिया, जिससे पूरे मामले का खुलासा हुआ।
Updated on:
13 Nov 2025 09:51 am
Published on:
13 Nov 2025 09:51 am
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