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बेटी ने प्रेमी से की शादी तो भड़का परिवार, जीते जी कर दिया श्राद्ध; फिर ससुराल में घुसकर छीने जेवर

Bihar inter-caste love marriage: बिहार के बेगूसराय में अपनी बेटी की अंतर-जातीय प्रेम विवाह से नाराज उसके मायके वालों ने उसे जीवित रहते हुए ही मृत घोषित कर दिया और उसका श्राद्ध क्र दिया। इतना ही नहीं वो उसके ससुराल में घुस गए और उनके साथ मारपीट भी की।

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जीवित बेटी का घर वालों ने कर दिया पिंड दान

Bihar inter-caste love marriage: बिहार के बेगूसराय जिले में एक परिवार ने अपनी बेटी के जिंदा रहते ही उसका अंतिम संस्कार और पिंडदान कर दिया। बेटी का कसूर बस इतना था कि उसने अपनी मर्ज़ी से अपना जीवनसाथी चुना था और अंतरजातीय प्रेम विवाह किया था। बेटी के इस फैसले से आक्रोशित परिजनों ने उसका अंतिम संस्कार करने के अलावा उसके ससुराल में घुसकर जमकर हंगामा किया, वहां मौजूद महिलाओं पर हमला किया और लाखों रुपये के गहने लूट लिए। यह पूरी घटना जिले के छौड़ाही थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली सिहमा पंचायत के वार्ड नंबर 2 में हुई।

धानुक की बेटी और नाई का बेटा

थाने में सुरक्षा की गुहार लगाने पहुंची उजाला कुमारी ने पुलिस को अपनी पूरी आपबीती सुनाई। उजाला ने बताया कि उसका घर और पड़ोस के ही रहने वाले युवक मुरारी कुमार का घर आसपास है। उजाला धानुक जाति से ताल्लुक रखती है, जबकि मुरारी नाई जाति से संबंध रखता है। दोनों का घर पास होने के कारण उनकी पहले से जान-पहचान थी, वक्त के साथ दोनों को एक-दूसरे से प्यार हो गया। चूंकि लड़की की उम्र भी शादी के योग्य हो रही थी, इसलिए दोनों ने किसी दबाव के बिना अपनी मर्जी से एक-दूसरे के साथ विवाह का फैसला किया।

घर वालों ने जीते जी बेटी का कर डाला पिंडदान

उजाला की इस अंतरजातीय शादी की खबर जैसे ही उसके मायके वालों को हुई, वे समाज में अपनी झूठी शान को लेकर आगबबूला हो उठे। लड़की के माता-पिता, चाचा और भाइयों ने पूरे समाज और गांव में यह घोषणा कर दी कि उनकी बेटी अब उनके लिए मर चुकी है। परिजनों ने बाकायदा उजाला का प्रतीकात्मक पुतला बनाकर उसका अंतिम संस्कार किया और समाज को भोज देकर जीते जी उसका श्राद्ध और पिंडदान कर दिया।

ससुराल में घुस कर मारपीट

श्राद्ध कर्म करने के बाद भी मायके वालों का गुस्सा शांत नहीं हुआ। वो लाठी-डंडों व हथियारों से लैस होकर उजाला के ससुराल धमक पड़े। घर में घुसते ही आरोपियों ने उजाला और उसके पति के साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। जब उजाला की सास उषा देवी और उसके पति की चाची ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, तो हमलावरों ने उनके साथ मारपीट की। पीड़िता का आरोप है कि हमलावरों ने उसका गला दबाकर उसे जान से मारने का प्रयास किया, घर की महिलाओं के साथ अभद्रता की और अलमारी में रखे करीब तीन लाख रुपये से अधिक मूल्य के सोने के आभूषण भी जबरन लूट लिए।

डायल-112 की टीम ने बचाई जान

ससुराल में हमले के दौरान जब चीख-पुकार मची, तो उजाला ने हिम्मत दिखाते हुए तुरंत पुलिस आपातकालीन नंबर 'डायल-112' पर कॉल कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस की गाड़ी मौके पर पहुंची। पुलिस को आते देख हमलावर जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए। घटना में घायल ससुराल पक्ष के लोगों को स्थानीय ग्रामीणों की मदद से तुरंत छौड़ाही सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से जख्मी लोगों को बेहतर इलाज के लिए बेगूसराय सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने युवती द्वारा दिए गए आवेदन पर कार्रवाई शुरू कर दी है।