
फोटो- मेटा AI
Rajasthan News: राजस्थान के भरतपुर जिले में रविवार को सेवर थाना क्षेत्र में विजय अस्पताल के पीछे एक मकान में आयोजित प्रार्थना सभा पर धर्मांतरण के आरोप लगे हैं। इस घटना की सूचना मिलते ही बजरंग दल के कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और जय श्रीराम के नारे लगाकर विरोध जताया। इस दौरान मुख्य आयोजक के भागने की खबर आई है। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, रविवार को विजय अस्पताल के पीछे एक निजी मकान में प्रार्थना सभा का आयोजन किया जा रहा था। स्थानीय लोगों और पड़ोसियों ने इस आयोजन को संदिग्ध मानते हुए बजरंग दल को सूचित किया। उनका आरोप था कि प्रार्थना सभा की आड़ में ईसाई समुदाय द्वारा धर्मांतरण की गतिविधियां चल रही थीं।
सूचना मिलते ही बजरंग दल के सैकड़ों कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। कार्यकर्ताओं ने वहां पहुंचकर जय श्रीराम के नारे लगाए और आयोजकों पर धर्मांतरण का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
बजरंग दल के प्रांतीय संयोजक शुभम सैंतरा ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि उक्त मकान में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित थे और वहां प्रार्थना सभा के नाम पर संदिग्ध गतिविधियां चल रही थीं। सैंतरा ने दावा किया कि यह कोई सामान्य प्रार्थना सभा नहीं थी, बल्कि इसके पीछे धर्मांतरण का मकसद था।
उन्होंने कहा कि हमने मौके पर पहुंचकर देखा कि वहां प्रार्थना सभा का आयोजन हो रहा था। हमने पुलिस से इस मामले में सख्त कार्रवाई और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। हालांकि, इस दौरान मुख्य आयोजक मौके से फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही सेवर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में लिया, लेकिन मुख्य आयोजक के भागने की बात सामने आई। सेवर थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि हमने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। कुछ लोगों से पूछताछ की जा रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि क्या वाकई में धर्मांतरण की कोई गतिविधि चल रही थी।
प्रार्थना सभा में शामिल कुछ लोगों ने अपनी बात रखते हुए इन आरोपों का खंडन किया। प्रार्थना सभा में शामिल आनंद नगर की एक महिला ने बताया कि वे अपनी मर्जी से प्रार्थना सभा में हिस्सा लेने आई थीं। उन्होंने कहा कि यहां कोई दबाव नहीं है। हम अपने दुख-दर्द को दूर करने के लिए प्रार्थना में शामिल होते हैं। प्रार्थना के बाद हमें मानसिक शांति मिलती है और कई बार हमारे दुख भी सही हो जाते हैं।
Updated on:
28 Sept 2025 02:59 pm
Published on:
28 Sept 2025 02:59 pm
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