8 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आयुष्मान योजना में गड़बड़ी, एमपी के इन अस्पतालों की मान्यता रद्द होने की संभावना

Irregularities in Ayushman Scheme: आयुष्मान भारत योजना के तहत भोपाल के 200 और प्रदेश के 1000 से ज्यादा निजी अस्पतालों की दोबारा जांच की जाएगी। सरकार को मिली शिकायत के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।

2 min read
Google source verification

भोपाल

image

Akash Dewani

Feb 05, 2025

200 private hospitals of Bhopal will be re-examined due to Irregularities in Ayushman Scheme

Irregularities in Ayushman Scheme: मध्य प्रदेश में केंद्र की आयुष्मान योजना में बड़ी गड़बड़ी मामला सामने आया है। सरकार को मिली शिकायतों के अनुसार इस योजना में गली-मोहल्लों के अस्पतालों को भी शामिल किया गया है। इन शिकायतों के आधार पर कार्रवाई करते हुए स्वास्थ्य विभाग ने योजना के तहत भोपाल के 200 और प्रदेश के 1000 से ज्यादा निजी अस्पतालों की दोबारा जांच की जाएगी।

इसके अलावा योजना में गली-मोहल्लों के अस्पतालों की मान्यता को रद्द करने का काम किया जाएगा। सरकार इसके लिए जल्द नई मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) जारी करेगी, जिसमें अस्पतालों को आयुष्मान योजना के तहत इलाज देने के लिए कुछ नियमों का पालन करना होगा।

यह भी पढ़े- शादी के 12 साल बाद 2 बच्चों की मां बनीं PSC टॉपर

अस्पतालों की रखी जाएगी निगरानी

नई एसओपी में अस्पतालों के काम पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। यही नहीं, जिन अस्पतालों में जरूरी सुविधाएं और विशेषज्ञ डॉक्टर नहीं होंगे, उनकी मान्यता भी रद्द कर दी जाएगी। राज्य स्वास्थ्य एजेंसी भौतिक निरीक्षण के जरिए अस्पतालों के इंफ्रास्ट्रक्चर, इलाज की गुणवत्ता और मरीजों की संतुष्टि की जांच करेगी।

यह भी पढ़े- एमपी में EOW ने पकड़ा तो रंगीन पानी की बोतल को घूरता रहा घूससोर रीडर

इतने लोगों मिल चुका है मुफ्त इलाज

आयुष्मान भारत योजना के तहत मध्य प्रदेश में अब तक 45 लाख से अधिक मरीजों को मुफ्त इलाज मिल चुका है। प्रदेश में लगभग 4 करोड़ आयुष्मान कार्ड जारी किए गए हैं, जिससे 1 करोड़ 8 लाख परिवार लाभान्वित हो रहे हैं। देशभर में इस योजना के अंतर्गत 29,000 से अधिक अस्पताल सूचीबद्ध हैं, जिनमें 12,625 निजी अस्पताल शामिल हैं। मध्य प्रदेश में 1,039 अस्पताल इस योजना से जुड़े हैं। हाल ही में, 70 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को भी आयुष्मान भारत योजना के तहत शामिल किया गया है, जिससे प्रदेश के लगभग 34 लाख बुजुर्गों को 5 लाख रूपए तक का स्वास्थ्य कवर मिलेगा।