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MP Crime: Google से खोजा बिना दर्द के मरने का तरीका और नाइट्रोजन गैस से दी जान, 4 पन्नों के सुसाइड नोट में लिखा फॉर्मूला

युवक ने बिना दर्द के मरने का तरीका खोजा और अपनी जान ले ली, पुलिस को मृतक के कमरे से मिला 4 पन्नों का सुसाइड नोट, जिसमें लिखा था फॉर्मूला, बताई सुसाइड की वजह भी
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भोपाल

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Sanjana Kumar

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Updated: 30 May 2024, 9:06 AM IST

Bhopal Suicide Case

Bhopal News

Bhopal Suicide Case: राजधानी भोपाल के मिसरोद क्षेत्र के जाटखेड़ी में एक युवक ने Google पर मरने का फार्मूला खोजा और नाइट्रोजन गैस मुंह में भरने से उसकी मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक मृतक युवक सिद्धार्थ खुराना डिप्रेशन में चल रहा था।

राजधानी भोपाल के मिसरोद पुलिस के मुताबिक 31 साल का सिद्धार्थ खुराना मूलत: लखनऊ का रहने वाला था। वह यहां जाटखेड़ी क्षेत्र के मकान नंबर 188 निरूपम रॉयल कैंपस में किराए पर रह रहा था। वह ट्रांसपोर्ट पर काम करता था। उसका डिप्रेशन का इलाज चल रहा था। उसके साथ केदार कदम नाम का युवक भी ट्रांसपोर्ट का काम करता था। केदार भी इसी कैंपस में रहता है।

दो दिन तक नहीं आया साथी तब हुआ शक

दो दिन तक केदार को सिद्धार्थ नहीं दिखा तब मंगलवार शाम वह उसके कमरे पर देखने गया। उसका कमरा अंदर से बंद था। दरवाजा खटखटाया पर सिद्धार्थ की आवाज नहीं आई। अनहोनी की आशंका पर उसने पुलिस को सूचना दी।

सुसाइड नोट में लिखा- कुछ नहीं कर पाया इसलिए दे रहा जान

सुसाइड से पहले युवक ने 4 पन्नों के सुसाइड नोट लिखा था। पुलिस ने बताया कि युवक के मुंह पर पॉलीथिन बंधी थी। पुलिस को मौके से एक डायरी और अंग्रेजी में लिखा चार पेज का सुसाइड नोट मिला है। जिसमें लिखा है कि वह जीवन में बहुत कुछ करना चाहता था। बहुत काम करना चाहता था, लेकिन कुछ भी नहीं कर पाया, इसलिए अपने जीवन को खत्म कर रहा हूं। बताया जाता है कि युवक से मिलने उसकी गर्लफ्रेंड भी आती थी। 10- 12 दिन पहले वह अपने घर चली गई। तब से वह अकेला था।

जानकारी के मुताबिक सुसाइड करने वाले युवक ने जो तरीका Google पर सर्च किया वह बिलकुल नया है। उसने पॉलीथिन से अपने सिर और चेहरे को कवर किया और नाइट्रोजन गैस सिलेंडर का पाइप मुंह के भीतर डालकर उसे चालू कर दिया। दर्द रहित मौत के लिए उसने चार पन्नों में इसका फॉर्मूला भी लिखा था।

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