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भाजपा-कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को उमा भारती की नसीहत, कहा- भाषा की मर्यादा का रखें ध्यान

भाजपा-कांग्रेस नेताओं की अभद्र भाषा पर उमा भारती बोलीं...। मर्यादाएं लांघी जा रही हैं...।

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भोपाल

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Manish Geete

Aug 19, 2023

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उमा भारती ने कहा कि आज की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप लगाने में मर्यादाएं लांघी जा रही हैं। मैं भाजपा और कांग्रेस के दोनों दलों के कार्यकर्ताओं से कहना चाहती हूं कि कांग्रेस आरोप लगाए और भाजपा उसका जबाव दें। लेकिन कोई मर्यादा न लांघें। मैं स्वयं दिग्विजय सिंह को दादा भाई कहती हूं और वे मुझे छोटी बहन कहते हैं। एक बार किसी मंच से दिग्विजय सिंह ने मुझे कुछ गलत कह दिया, उसका पश्चाताप करते हुए प्रेस कांफ्रेंस में माफी भी मांगी थी।

पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती का निवास आगमन हुआ। रेस्ट हाउस में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता एवं लोधी समाज के प्रतिनिधि मंडल ने स्वागत किया। प्रशासन ने चाक चौबंद सुरक्षा व्यवस्था की। मंडला से फोर्स बुलाई गई। उमा भारती अमरकंटक से निवास पहुंचीं थीं। यहां से उमा भारती के नरसिंहपुर जाने का कार्यक्रम है।

उमा भारती ने कहा कि आज की राजनीति में भाषा का स्तर गिर रहा है। मैं चाहती हूं कि आने वाले चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के कार्यकर्ता एक दूसरे पर आरोप लगाने में आदर का ख्याल रखें। उमा ने कहा कि मैं स्वयं दिग्विजय सिंह को दादा भाई कहती रही और वे मुझे छोटी बहन कहते रहे। लेकिन एक बार गलती से मुझ पर रिमार्क कर दिया, तो उन्हें बहुत पश्चाताप हुआ। इसके बाद उन्होंने खुलेआम प्रेस कांफ्रेंस करके माफी भी मांगी थी। इसी प्रकार भाजपा कार्यकर्ताओं को भी उमा भारती ने संयम बरतने की सलाह दी है।

मोदी को गाली देने वालों पर बोली बात

उमा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को गालियां देने वालों के लिए भी बात कही। उमा ने कहा कि मोदी को रावण, हत्यारा, राक्षस, खून का सौदागर समेत क्या-क्या नहीं कहा गया। भारत के सबसे ज्यादा इंटालरेंस का शिकार कोई नेता हुआ है तो वो मोदीजी हुए हैं। अधैर्य और विपक्ष के असभ्य बर्ताव का यदि कोई शिकार हुआ है तो वे मोदीजी हैं। आज तक भारत के राजनीतिक इतिहास में पीएम को इतनी गालियां नहीं दी गईं। इतना अपमान किसी का नहीं हुआ जितना मोदीजी का हुआ है। लेकिन जिन्होंने भी उनका अपमान किया है अंत में वे कहीं के भी नहीं रहे और मोदीजी दिनों दिन आगे बढ़ते रहे।

2003 जैसी ही जीत मिले

प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं के लिए लाई गई योजना और उससे पड़ने वाले फर्क के सवाल पर उमा भारती ने कहा कि शराबबंदी और लाड़ली बहना का व्यापक असर पड़ा है। मध्यम वर्गीय परिवार की महिला हों या गरीब सभी शराब से प्रभावित थी। जिस तरह से अहातों को गिराया गया है उससे बड़ा असर पड़ने वाला है। मैं चाहती हूं कि 2003 के जैसे ही जीत मिले। उम्मीदवारों की पहली सूची पर उमा भारती ने कहा कि प्रदेश और केन्द्र ने कुछ सोच समझ कर ही निर्णय लिया होगा। पार्टी 2003 का प्रदर्शन दोहराना चाहती है। इसलिए सूची जल्दी जारी हो रही है। चुनाव की तैयारी अच्छे से हो सके।


भाजपा छोड़कर जाने वाले सौदागर

इससे दो दिन पहले मंडला जिले में ही उमा भारती का एक बयान भी सुर्खियों में आ गया था। उमा भारती (uma bharti) ने इस बार दलबदलू नेताओं को लेकर बड़ा बयान दिया था। उमा भारती ने एक तरफ तो दल बदलने वाले नेताओं को सौदागर कहा, वहीं दूसरी ओर कांग्रेस से भाजपा में आए ज्योतिरादित्य सिंधिया का समर्थन किया। उमा ने कहा है कि जो इस पार्टी से उस पार्टी में जाते हैं वो दरअसल नेता ही नहीं, सौदागर होते हैं। उमा ने कहा है कि जैसे कांग्रेस ने ज्योतिरादित्य सिंधिया को बगावत करने को मजबूर कर दिया था, ठीक उसी तरह उनकी दादी विजयाराजे सिंधिया को भी बगावत के लिए कांग्रेस ने मजबूर कर दिया था। उमा ने सिंधिया के बगावत को दलबदल से अलग विषय मानते हुए कहा है कि चुनाव के वक्त जो नेता टिकट के लिए इस पार्टी से उस पार्टी में जाते हैं वे गलत हैं।

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