
Dial-112 personnel reunited two girls with their families in Indore
Dial 112- एमपी के इंदौर में दो बच्चियां रास्ता भटक गईं। स्कूल के लिए तैयारकर मां जैसे ही बैग लेने अंदर गई, बच्चियां घर से बाहर निकल गईं और गुम हो गईं। बच्चियों के यूं गायब हो जाने से घर-मोहल्ले में कोहराम मच गया। बेचारे मां पिता अनहोनी की आशंका से कांप उठे। ऐसे में डायल-112 के जवान रियल हीरो बनकर सामने आए। उन्होंने रास्ता भटकी दोनों बालिकाओं को खोजा और तुरंत परिजनों से मिला दिया।
डायल-112 केवल आपात स्थितियों में सहायता का माध्यम ही नहीं है बल्कि बच्चों, महिलाओं और नागरिकों की सुरक्षा व मानवीय संवेदनशीलता से परिपूर्ण भरोसेमंद सहारा भी है। इंदौर जिले में डायल-112 जवानों ने इसकी मिसाल पेश की। जवानों ने त्वरित कार्रवाई और सूझबूझ से रास्ता भटकी दो मासूम बालिकाओं को सुरक्षित उनके परिजनों से मिलाकर जन-सेवा का अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया।
डायल-112 के राज्यस्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम भोपाल को इंदौर में 24 फरवरी को थाना एरोड्रम क्षेत्र में सेंट्रल वेयर हाउस के सामने दो बालिकाएं मिलने की सूचना प्राप्त हुई। बताया गया कि दोनों बच्चियां घर का रास्ता भूल गई हैं और ऐसे में पुलिस सहायता की आवश्यकता है। सूचना मिलते ही थाना एरोड्रम क्षेत्र में तैनात डायल-112 एफआरव्ही वाहन को तत्काल रवाना किया गया। मौके पर पहुंचकर सउनि कैलाश मेडा, आरक्षक पुष्पेंद्र शर्मा एवं पायलट अजय प्रजापति ने दोनों बालिकाओं को अपने संरक्षण में लिया।
बच्चियां स्कूल यूनिफॉर्म में थीं जिससे यह स्पष्ट हो गया कि वे स्कूल जाने की तैयारी में थीं। डायल-112 जवानों ने तत्परता और सूझबूझ का परिचय देते हुए संबंधित स्कूल से संपर्क किया, जहां से बालिकाओं के परिजनों की जानकारी प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही परिजन चौकी पहुंचे। पहचान एवं सत्यापन के बाद दोनों बालिकाओं को सकुशल उनके परिजनों के सुपुर्द किया गया।
परिजनों ने बताया कि बच्चियों की मां उन्हें स्कूल के लिए तैयार कर बैग एवं टिफिन लेने घर के भीतर गई, इसी दौरान वे खेलते-खेलते घर से बाहर निकल गईं। कुछ दूर जाने के बाद वे रास्ता भटक गईं। अपने बच्चों को सुरक्षित पाकर परिजनों ने डायल-112 जवानों का आभार व्यक्त किया।
Updated on:
24 Feb 2026 07:34 pm
Published on:
24 Feb 2026 07:33 pm
