
MONSOON 2018: दो तरफ से इस राज्य में प्रवेश करेगा मानसून, हो सकती है धमाकेदार एंट्री
भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून अब तक नहीं आ पाया है। प्री मानसून की गतिविधियां चलने से तापमान में जरूर थोड़ी राहत मिली है। लेकिन, प्रदेश के ज्यादातर हिस्से में बादल छाए हुए हैं, कहीं-कहीं हल्की बारिश गिरने से उमस का दौर चल रहा है। खाड़ी में मानसून के कमजोर पड़ने के कारण यह विलंब से मध्यप्रदेश में प्रवेश करेगा। इस बार यह दो रास्तों से अपनी धमाकेदार एंट्री कर सकता है।
मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश के भोपाल, उज्जैन, इंदौर, होशंगाबाद, जबलपुर संभागों के जिलों में कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है। इसके अलावा यहां गरज-चमक के साथ बौछारें भी पड़ सकती है। इनमें कटना, नरसिंहपुर,सिंगरौली, डिंडोरी, सागर, श्योपुरकला, गुना और शिवपुरी जिले प्रमुख हैं। मौसम विभाग ने इन जिलों में तेज हवा चलने की भी आशंका व्यक्त की है।
पूरे प्रदेश में तापमान 38 से नीचे
मध्यप्रदेश में ज्यादातर जिलों में तापमान 45 डिग्री पर पहुंच गया था। एक-दो जिलों को छोड़ दें तो तापमान 38 डिग्री के नीचे आ गया है।
यहां ज्यादा गर्मी
मध्यप्रदेश में सर्वाधिक तापमान इस बार नौगांव, खजुराहो, श्योपुर, टीकमगढ़ क्षेत्र में था। यहां आंशिक बादल छाए रहने के साथ ही तापमान अब भी ज्यादा है। मध्यप्रदेश में नौगांव में 43 डिग्री तापमान दर्ज किया गया, जो मध्यप्रदेश में सबसे अधिक है। मानसून का इंतजार कर रहे लगों को तापमान में तो थोड़ी राहत मिल गई है, लेकिन उमस ने बेहाल कर रखा है।
भोपाल में उमस से सब बेहाल
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में रविवार को हुई बारिश के बाद से उमस से लोग बेहाल हो रहे हैं। मौसम विभाग ने सोमवार शाम को भी भोपाल शहर में कहीं-कहीं हल्की बारिश की उम्मीद जताई है।
रविवार को हुई बारिश के बाद सोमवार को उमस ने लोगों को बेहाल कर दिया है। मौसम विभाग ने शाम को फिर से गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने की संभावना व्यक्त की है। इधर मानसून के जुलाई के पहले सप्ताह में आने की संभावना व्यक्त की जा रही है।
चक्रवात के कारण बरसा पानी
मध्यप्रदेश के मौसम विज्ञानिकों के मुताबिक इस बार दो दिशाओं से मानसून मध्यप्रदेश में प्रवेश करने वाला है। गुजरात में तीन किलोमीटर ऊपर एक चक्रवात बनने से भोपाल समेत आसपास के इलाकों में हल्की बारिश हुई। भोपाल में सोमवार शाम तक फिर बारिश की उम्मीद जताई है।
दो राज्यों से आएगा मानसून
मध्यप्रदेश में फिलहाल प्री मानसून की गतिविधि चल रही है। पूर्ण मानसून अब तक नहीं आया है। मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि मध्यप्रदेश में इस बार रास्तों से मानसून प्रवेश कर रहा है।
-मध्यप्रदेश का मानसून मुंबई से गुजरात की सीमा से लगे सूरत, जलगांव,अमरावती, नागपुर, गोंदिया से बालाघाट, सिवनी और छिंदवाड़ा की तरफ प्रवेश करेगा।
-इसके अलावा गुजरात के भरुच से बड़वानी, खरगौन, खंडवा, बैतूल, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला की तरफ बढ़ेगा।
कैसे पता करें मानसूनी बारिश
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बादलों का जमावड़ा या बारिश से पता नहीं लगता है कि यही मानसून है।
-मानसून के लिए करीब तीन किमी ऊपर हवा में 90 प्रतिशत नमी होना चाहिए। मौजूद हवा का रुख बदलकर दक्षिण-पश्चिम होना चाहिए। एक दो दिन तक लगातार तेज बारिश होने से आप अनुमान लगा सकते हैं कि यही मानसूनी बारिश है।
monsoon 2018: खाड़ी में ही कमजोर हो गया मानसून, कई प्रदेशों में देरी से पहुंचेगा
MONSOON: अब उत्तर की तरफ बढ़ा मानसून, इस राज्य में करेगा धमाकेदार एंट्री
Published on:
18 Jun 2018 05:56 pm
