22 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

ठंड आते ही तेजी से बढ़ने लगा हार्ट अटैक का खतरा, खासतौर पर युवा रहें सावधान

हैरानी की बात तो ये है कि, एकदम स्वस्थ लोग भी ब्लडप्रेशर और हार्ट अटैक की चपेट में आने लगे हैं।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भोपाल

•

image

Mohammad Faiz Mubarak

•

Updated: 14 Nov 2022, 7:21 PM IST

News

ठंड आते ही तेजी से बढ़ने लगा हार्ट अटैक का खतरा, खासतौर पर युवा रहें सावधान

भोपाल. कोरोना काल के बाद से जिम में एक्सरसाइज करने वाले युवाओं में हार्ट अटैक के मामले तेजी से बढ़ने लगे हैं। हैरानी की बात तो ये है कि, एकदम स्वस्थ लोग भी ब्लडप्रेशर और हार्ट अटैक की चपेट में आने लगे हैं।

इस संबंध में हृदय रोग के विशेषज्ञों का मानना है कि, कोरोना के दौर में बिगड़ी जीवनशैली और संक्रमण के बाद का दुष्प्रभाव भी हार्ट अटैक का एक कारण हो सकता है। क्योंकि कोरोना के बाद कई लोगों के शरीर में सी- रिएक्टिव प्रोटीन (सीआरपी) मार्कर का स्तर लंबे समय तक बढ़ा रहा। ऐसे में घबराने की जरूरत नहीं है। कुछ सतर्कता को ध्यान में रखते हुए इस समस्या से दूरी बनाकर रखी जा सकती है।

यह भी पढ़ें- World Diabetes Day : हर एज ग्रुप पर तेजी से बढ़ रहा है डायबिटीज का खतरा, ये हैं दो खास कारण


इन बातों का रखें ध्यान

-नियमित ब्लड प्रेशर, शुगर और कोलेस्ट्राल की जांच आवश्यक।
-खानपान का ध्यान रखना चाहिए।
- एकदम से मेहनत वाला काम अचानक शुरू नहीं करना चाहिए।
- जिम में भारी व्यायाम करने से बचें।
- सिगरेट और शराब के सेवन से जितना हो सकें दूर रहना जरूरी है।

यह भी पढ़ें- BSF Academy में कांस्टेबल की मौत, घोड़े का पैर सिर पर लगने से गई जान

ठंड में सिकुड़ जाती हैं नसें

ठंड के मौसम में नसें ज्यादा सिकुड़ती हैं। इससे नसों में गर्मी लाने के लिए हार्ट ज्यादा तेजी से काम करता है, जिससे नस गर्म और एक्टिव रह सके। इससे ब्लड का फ्लो बढ़ जाता है। ब्लड प्रेशर बढ़ने से हार्ट अटैक होने का खतरा भी बढ़ जाता है। ऐसे में जिन्हें पहले से ही दिल की बीमारी है या जिन्हें पहले भी हार्ट अटैक हो चुका है, उनके लिए ज्यादा ठंड जानलेवा साबित हो सकती है। इसलिए जितना हो सके शरीर को गर्म रखने के लिए अच्छे से गरम कपड़े पहनकर रखें।

यह भी पढ़ें- मध्य प्रदेश में भूकंप के झटके, 12 घंटे में ही दूसरी बार कांपी धरती

यह बोलते है विशेषज्ञ

भाेपाल में स्थित जेपी जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ.राकेश श्रीवास्तव का कहना है कि, ज्यादातर हार्ट अटैक के मामले आराम की अवस्था में नहीं आते। इसका कारण अधिक क्रोध, सदमा, आदत नहीं होने के बावजूद अचानक भारी काम करना है। कोरोना के दौर में घर में रहकर अधिक खाना, शारीरिक मेहनत और व्यायाम नहीं करने से हाइपरटेंशन शुगर बढ़ने की समस्या बढ़ती है। हार्ट अटैक कि स्थिति सिगरेट और अल्कोहल का सेवन करने वालों के लिए ज्यादा खतरनाक साबित हो सकता है।

तीन बहनों के इकलौते मासूम भाई को कार ने रौंदा, देखें वीडियो