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weather updates: बर्फबारी के बाद बदलने वाला है मौसम, जानिए अपने राज्य का हाल

हिमाचल प्रदेश में ताजा बर्फबारी का असर मध्यप्रदेश पर पड़ेगा, गिरेगी बारिश...।

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भोपाल

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Manish Geete

Jan 08, 2020

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भोपाल। मध्यप्रदेश के मौसम में हो रहे बदलाव के कारण आने वाले तीन-चार दिनों में तापमान में और गिरावट हो सकती है। उत्तर भारत में हो रही बर्फबारी का असर पूर्वी मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र में भी पड़ने जा रहा है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक आने वाले दिनों में बारिश और ओलावृष्टि होने के बाद तापमान में गिरावट आएगी। कई जिलों का तापमान 5 डिग्री तक गिर सकता है।

पूर्वानुमानः यहां बारिश और ओलावृष्टि की संभावना
आगामी 24 घंटों के दौरान मध्य प्रदेश के रीवा, शहडोल, जबलपुर संभागों के जिलों में कुछ स्थानों पर वर्षा एवं गरज चमक के साथ बौछारें, कहीं-कहीं ओलावृष्टि और भोपाल, होशंगाबाद, ग्वालियर, सागर संभागों के जिलों में कहीं-कहीं वर्षा और गरज-चमक की संभावना है। सागर, दमोह, होशंगाबाद और गुना जिलों में भी ओलावृष्टि हो सकती है।

बदलाव का यह है कारण
-पश्चिमी विक्षोभ अब जम्मू कश्मीर के पूर्वी भागों पर पहुँच गया है। यह सिस्टम अब पूर्वी दिशा की ओर बढ़ रहा है।
-चक्रवाती संचरण के रूप में पश्चिमी विक्षोभ उत्तरी पाकिस्तान एवं सटे हुए पश्चिमी हिमालयन क्षेत्रों में अब औसत समुद्र तल से ऊपर 3.1 एवं 4.5 किलोमीटर के बीच दिखाई दे रहा है।
-इससे संबंधित द्रोणिका ऊपरी और मध्य क्षोभ मंडलीय वेस्टरलिज (पश्चिमी हवाओं) में औसत समुद्र तल से 5.8 किलोमीटर ऊपर स्थित अपने अक्ष के साथ करीब 72 डिग्री पूर्वी देशान्तर के साथ उत्तर में 27 डिग्री उत्तरी अक्षांश तक स्थित है।

चक्रवात का यहां भी असर
मौसम वैज्ञानिक शैलेंद्र नायक के मुताबिक उपरोक्त पश्चिमी विक्षोभ से प्रेरित चक्रवाती संचरण अब पश्चिमोत्तर राजस्थान और आसपास के क्षेत्रों में उपरोक्त पश्चिमी विक्षोभ से प्रेरित एवं दक्षिण-पश्चिमी राजस्थान एवं आसपास के क्षेत्रों पर स्थिति चक्रवाती संचरण अब पश्चिमोत्तर राजस्थान एवं आसपास के क्षेत्रों में स्थित है एवं इसका उर्वधर विस्तार औसत समुद्र तल से 1.5 किलोमीटर ऊपर तक है। उत्तरी हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों पर स्थित चक्रवाती परिसंचरण अब उत्तर पश्चिम मध्य प्रदेश एवं आसपास के क्षेत्रों में स्थित है और औसत समुद्र तल से 0.9 किमी ऊपर तक फैला हुआ है।

5 डिग्री तक गिरेगा तापमान
मध्यप्रदेश के उत्तर-पश्चिम भागों में 9 जनवरी से न्यूनतम तापमान में और कमी के आसार हैं। मौसम वैज्ञानिक नायक के मुताबिक 9 से 11 जनवरी के दौरान पश्चिमोत्तर मध्य प्रदेश (नीमच एवं मंदसौर जिले तथा ग्वालियर एवं चम्बल संभागों के जिलों) में अधिकतम तापमानों में 4 से 5 डिग्री गिरावट एवं न्यूनतम तापमानों में 3 से 4 डिग्री की गिरावट की संभावना है तथा आगामी 2 दिनों के दौरान प्रदेश के शेष हिस्सों में तापमानों में विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं है। 13 से 15 जनवरी के दौरान पश्चिमोत्तर मध्य प्रदेश में गरज चमक की स्थिति बन सकती है।

पिछले 24 घंटों का हाल
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के होशंगाबाद, ग्वालियर, जबलपुर, उज्जैन, चम्बल एवं सागर संभागों के जिलों में कहीं-कहीं वर्षा हुई। वारासिवनी और मुलताई में 2-2 सेंटीमीटर वर्षा, मुंगावली, ईशागढ, गोहद, ग्वालियर, छिंदवाड़ा और सिवनी में 1-1 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई। न्यूनतम तापमान रीवा, शहडोल, होशंगाबाद, उज्जैन, सागर, भोपाल और ग्वालियर संभागों के जिलों में काफी बढ़े।