(Cyclone Maha) चक्रवात 'महा' (Cyclone Maha latest News) को लेकर गुजरात (Cyclone Maha latest Update) में अलर्ट जारी किया गया है इसी बीच बंगाल की खाड़ी में नए चक्रवात (Cyclone Bulbul) के बनने के संकेत दिखाई दिए है...
भुवनेश्वर: मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बुलबुल समुद्री चक्रवाती तूफान बनता हुआ दिखाई दे रहा है। अरब सागर में उठा यह चक्रवाती तूफान शक्तिशाली हो गया है। मॉनसून के बाद बंगाल की खाड़ी में यह पहला चक्रवात हो सकता है। इसके ओडिशा समुद्री तट से टकराने की संभावना है। आपदा प्रबंधन ने तैयारियां शुरू कर दी है। ओडिशा सरकार ने 15 तटीय जिलों में अलर्ट जारी किया है। समुद्र में नावें लेकर गए मछुआरों से बाहर आने को कहा गया है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उत्तरी अंडमान सागर में एक निम्न दबाव का क्षेत्र विकसित हुआ है। उम्मीद है यह पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी दिशा में जाएगा। अनुमान है कि 48 घंटों में इसके बंगाल की खाड़ी में डिप्रेशन में परिवर्तित होने की उम्मीद है। सात नवंबर तक ओडिशा के तटीय इलाकों में चक्रवात बनने की संभावना है। इसका असर महसूस किया जाने लगेगा।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार अगले 6 दिन यह खाड़ी में रहेगा। इतना समय चक्रवाती तूफान बनने के लिए काफी है। बुलबुल देश के पूर्वी तटों को प्रभावित करने वाला है। इसके हिट करने की लोकेशन का अभी तक सटीक अंदाजा नहीं लगाया जा सका है। अधिक संभावना ओडिशा या उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटीय भागों पर इसके लैंडफालके संकेत मिल रहे हैं।
विशेषज्ञ बताते हैं कि कोई तूफान बंगाल की खाड़ी में विकसित होता है तो उसके पश्चिम बंगाल या बांग्लादेश की तरफ जाने की संभावना रहती है। दूसरी तरफ नवंबर में बनने वाले चक्रवाती तूफान ओडिशा व आंध्र की तरफ बढ़ते हैं और दिसंबर में बनने वाले तमिलनाडु में कहर बरपाते हैं। बंगाल की खाड़ी में पाबुक और फॉनी के बाद बुलबुल तीसरा चक्रवाती तूफान होगा।
भारतीय मौसम विभाग के महानिदेशक डा. मृत्युंजय मोहापात्रा का कहना है कि इसका ओडिश तट पर बहुत प्रभाव पड़ने की उम्मीद कम है। उनका कहना है कि पारादीप से 900 किलोमीटर दूर है। उनके अनुसार 12 घंटे में डिप्रशन व 24 घंटे में डीप डिप्रेशन उसके बाद चक्रवाती तूफान बनेगा। ओडिशा तट को स्पर्श न करने की मौसम विभाग ने उम्मीद जताई है।