
बिजनौर। नूरपुर विधानसभा चुनाव को लेकर जहां प्रत्यशियों द्वारा नामांकन भरे जा चुके हैं और अंतिम तिथि भी खत्म हो चुकी है। वहीं 14 मई को नाम वापसी की प्रक्रिया के बाद सभी दल के नेता मतदाता को लुभाने के लिये चुनावी रैलियां करने की तैयारियों में जुट गए हैं। इस सीट पर सपा-रालोद गठबंधन से सपा प्रत्याशी नईमुल हसन चुनाव मैदान में हैं।
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जबकि इस गठबंधन में अभी तक बसपा सुप्रीमो मायावती ने अपने कार्यकताओं और नेताओं को चुनाव लड़ाने के लिये कोई भी आदेश नहीं दिए हैं। उपचुनाव में पहले से ही बसपा चुनाव नहीं लड़ती है, लेकिन हाल फिलहाल में हुए गोरखपुर और फूलपुर के लोकसभा उपचुनाव में बसपा सुप्रीमो ने अपने कार्यकर्ताओं को सपा प्रत्याशी के सपोर्ट में प्रचार-प्रसार करने का निर्देश देते हुए जनता से भी वोट देने की अपील की थी।
इस अपील के बाद गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा सीटों पर सपा प्रत्याशियों ने भाजपा को करारी शिकस्त दी थी। अब नूरपुर विधानसभा उपचुनाव में एक बार फिर से सपा और रालोद का गठबंधन हो गया है। इस सीट को लेकर बसपा के बिजनौर जिला अध्यक्ष अखलेश कुमार ने पत्रिका संवाददाता रोहित त्रिपाठी को बताचीत में बताया कि गठबंधन प्रत्यशी को चुनाव लड़ाने को लेकर अभी तक जनपद के बसपा नेताओं को कोई भी आदेश बसपा सुप्रीमो से नहीं मिला है।
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जैसे ही बसपा हाईकमान से हमें आदेश मिलेगा वैसा पदाधिकारियों द्वारा किया जाएगा। बसपा उपचुनाव नहीं लड़ती इसलिए पार्टी की तरफ से जनपद में इस उपचुनाव में किसी भी प्रत्यशी को कोई टिकट नहीं दिया गया है। बसपा सुप्रीमो का जो आदेश होगा उसी के मुताबिक पार्टी के पदाधिकारी काम करेंगे।
Published on:
12 May 2018 07:09 pm

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