
प्रदेश में चार बैंक ऐसे जहां कोई छुट्टी नहीं, काम 24 घंटे!
आशीष जोशी
बीकानेर. प्रदेश के कोटा, बूंदी, भीलवाड़ा और करौली में चार ऐसे बैंक खुले हैं, जो 24 घंटे और सातों दिन काम करेंगे। यहां उपभोक्ताओं को बैंक संबंधी कामकाज के लिए बैंकिंग समय की चिंता नहीं रहेगी। वे अलसुबह से लेकर देर रात तक कभी भी अपनी सुविधानुसार बैंकिंग कार्य कर सकेंगे। केंद्र सरकार की योजना के तहत राजस्थान उन चार राज्यों में शामिल हैं जहां सबसे ज्यादा चार डिजिटल बैंक मिली हैं। पायलट प्रोजेक्ट के तहत देश के 75 जिला मुख्यालयों पर 75 डिजिटल बैंकिंग यूनिट (डीबीयू) शुरू की गई हैं। दूसरे चरण में प्रदेश के बीकानेर, सीकर समेत अन्य कुछ जिलों में भी ऐसे बैंक खोले जाएंगे। ये बैंक पूरी तरह कैशलेस और पेपरलेस की थीम पर स्थापित की गई हैं। ये अभी दो प्रकार से काम करेगी। सेल्फ सर्विस एरिया में लोग खुद ही डिजिटल बैंकिंग करेंगे। वहीं डिजिटल असिस्टेंस जोन में उपभोक्ताओं की मदद के लिए एक-दो कर्मचारी तैनात किए गए हैं। यहां वे लोग भी डिजिटल बैंकिंग कर सकेंगे जिनके पास मोबाइल फोन या इंटरनेट सुविधा नहीं है।
किसी भी समय, स्वयं-सेवा मोड में
डिजिटल बैंक बैंकिंग सेवाओं को किसी भी समय स्वयं-सेवा मोड में डिजिटल आधारभूत संरचना का केंद्र है। बेहद कम इंफ्रास्ट्रक्चर पर अधिक से अधिक डिजिटल सुविधाएं उपलब्ध करवाना इसका उद्देश्य है। यहां डिजिटल लेनदेन अधिक सुरक्षित होगा।
भविष्य में कोई ऑफिस भी नहीं होगा
आने वाले समय में इन डिजिटल बैंक की धरातल पर कोई ब्रांच भी नहीं होगी। इनका पूरा काम ऑनलाइन होगा। खुद बैंक खाता खोलो, रात में 2-3 बजे कभी भी पैसा जमा करो या निकालो और एफडी बनाओ...। ये सेवाएं कागजी लिखा-पढ़ी और झंझटों से मुक्त होगी। फिलहाल लोगों को जागरूक करने व इस प्रणाली से मित्रवत बनाने के लिए इसका ऑफिस भी है और न्यूनतम स्टाफ भी लगाया गया है। बादमें ऐसे डिजिटल बैंकों की निगरानी एक चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर के हाथों में होगी।
अब 5जी पर नजर
5जी के बाद डिजिटल बैंकों में और क्रांति आएगी। एसबीआइ समेत 11 सरकारी बैंक, 12 प्राइवेट बैंक और एक स्मॉल फाइनेंस बैंक ने इसमें भागीदारी निभाई है।
वीडियो केवाईसी, ऑनलाइन अपलोड होंगे डॉक्यूमेंट
डिजिटल बैंकिंग यूनिट की पहुंच बढ़ाने के लिए डिजिटल बिजनेस फैसिलिटेटर की नियुक्ति की भी योजना है। नए पुराने ग्राहकों की वीडियो केवाईसी होगी। सारे डॉक्यूमेंट ऑनलाइन अपलोड होंगे।
मिल रही ये सुविधाएं
- चौबीसों घंटे और सातों दिन पैसा जमा और निकासी।
- ई-केवाईसी और वीडियो केवाईसी की सुविधा से खाता खोलने के साथ एफडी भी।
- सरकारी स्कीमों की जानकारी और उनका लाभ।
- डेबिट-क्रेडिट कार्ड के साथ फास्ट टैग जारी करवाना।
- जारी किए गए चेक के लिए स्टॉप पेमेंट निर्देश देना।
- किसी भी प्रकार के बिल का भुगतान।
- खुदरा कारोबारी व एमएसएमई द्वारा छोटे लोन के लिए आवेदन और उसका भुगतान।
केंद्र की योजना में राजस्थान में सबसे ज्यादा डिजिटल बैंक
राजस्थान, यूपी, तमिलनाडु और कनार्टक में चार-चार डिजिटल बैंकों की स्थापना की गई है। जबकि गुजरात, मध्यप्रदेश, पंजाब, सिक्किम व महाराष्ट्र में तीन-तीन डीबीयू खोले गए हैं। अन्य राज्यों में ऐसे 1-1, 2-2 बैंक स्थापित किए गए हैं।
एक्सपर्ट व्यू : बैंकिंग इंडस्ट्री में आएंगे क्रांतिकारी बदलाव
आरबीआइ की ओर से देश के 75 और प्रदेश के 4 जिलों में डिजिटल बैंक की सुविधा शुरू हुई है। आगामी दिनों में अन्य जिलों में भी डीबीयू खुलेंगे। ग्राहक को यहां चाही गई बैंकिंग सुविधा तुरंत मिलेगी और समय की भी बचत होगी। भारतीय बैंकिंग इंडस्ट्री मे यह क्रांतिकारी कदम साबित होगा। बैंकों के खर्चे मे कमी आएगी व ग्राहकों के लिए सुविधा बढ़ेगी।
- सुधेश पूनिया, बैंकिंग विशेषज्ञ
Published on:
10 Nov 2022 09:07 am
